रायपुर AIIMS में डॉक्टर से मिलने 48 घंटे का इंतजार:बिलासपुर में समय पर नहीं पहुंचते डॉक्टर

Updated on 09-08-2025 01:46 PM
बिलासपुर, छत्तीसगढ़ में बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट ने कड़ी नाराजगी जाहिर की। कोर्ट ने कहा कि ऐसी अव्यवस्था चिंताजनक जिसमें रायपुर एम्स में मरीजों को डॉक्टर से मिलने के लिए 48 घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है। बिलासपुर के अस्पतालों में डॉक्टर समय पर नहीं पहुंचते।

अस्पताल में लंबी कतारें लगी रहती हैं। जांच के बाद सर्जरी के लिए 4 महीने रुकना पड़ता है। एक्स-रे जैसी साधारण जांच के लिए भी 3 घंटे का इंतजार करना पड़ता है। कोर्ट ने इन अव्यवस्थाओं के लिए राज्य सरकार से जवाब मांगा है।

कोर्ट ने कहा कि राज्य की अधिकांश आबादी निजी अस्पतालों में महंगा इलाज कराने में सक्षम नहीं है और उनकी स्वास्थ्य सेवाओं का मुख्य आधार सरकारी अस्पताल हैं। ऐसे में वहां की लापरवाही और अव्यवस्था बेहद गंभीर है।

एम्स में रजिस्ट्रेशन के बाद 48 घंटे इंतजार

दरअसल, रायपुर के एम्स में मरीजों को डॉक्टर से मिलने के लिए रजिस्ट्रेशन के बाद करीब 48 घंटे तक इंतजार करने जैसी अव्यवस्थाओं को लेकर मीडिया रिपोर्ट्स को हाईकोर्ट ने जनहित याचिका मानकर सुनवाई शुरू की है।

खबरों के मुताबिक अस्पताल में लंबी कतारें लगी रहती हैं, जिससे मरीजों का समय और ऊर्जा दोनों बर्बाद हो रहे हैं। जांच के बाद सर्जरी के लिए चार-चार महीने की देरी हो रही है, जबकि एक्स-रे जैसी साधारण जांच के लिए भी तीन घंटे का इंतजार करना पड़ता है।

स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल

हाईकोर्ट ने कहा कि गर्भावस्था जांच किट के गलत परिणाम, घटिया गुणवत्ता की सर्जिकल सामग्री और दवाओं की आपूर्ति जैसे मामले सामने आए हैं। यहां तक कि कुछ जीवन रक्षक दवाएं लैब परीक्षण में फेल होने के बावजूद बाजार में बिक रही थीं।

हाईकोर्ट ने टिप्पणी की कि इस तरह की खबरें सही हैं तो यह राज्य के स्वास्थ्य विभाग और छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिन्ह लगाता है।

डॉक्टरों की लापरवाही पर हाईकोर्ट सख्त

बिलासपुर जिले के एक सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भी कोर्ट ने जिक्र किया, जहां रिकॉर्ड में 15 डॉक्टर दर्ज थे। लेकिन, सुबह 11 बजे तक वहां कोई भी डॉक्टर मौजूद नहीं था। 250 से अधिक मरीज सुबह से कतार में खड़े रहे, जबकि एक्स-रे यूनिट जैसी महत्वपूर्ण मशीनें एक साल से अधिक समय से बंद पड़ी थीं।

रीएजेंट की सप्लाई नहीं होने से हमर लैब भी बंद पड़ी थी। इन गंभीर खामियों और लापरवाहियों को लेकर हाईकोर्ट ने स्वास्थ्य विभाग के सचिव को व्यक्तिगत शपथपत्र प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। बता दें कि चीफ जस्टिस रमेश कुमार सिन्हा की डिवीजन बैंच ने सुनवाई की। अब इस मामले की अगली सुनवाई 12 अगस्त को होगी।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 03 October 2026
रायपुर, छत्तीसगढ़ में मतदाता सूची में छूटे पात्र लोगों और पहली बार वोट देने वाले युवाओं के नाम जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। भारत निर्वाचन आयोग ने विशेष गहन…
 03 October 2026
रायपुर, छत्तीसगढ़ के भिलाई से कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव को कोल लेवी मामले में आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने नोटिस जारी किया है। उन्हें 5 अक्टूबर को सुबह 10:30 बजे…
 03 October 2026
दुर्ग-भिलाई, दुर्ग के अंजोरा स्थित दाऊ श्री वासुदेव चंद्राकर कामधेनु विश्वविद्यालय में भर्ती प्रक्रिया को लेकर चल रहे विवाद के बीच राजभवन ने हस्तक्षेप किया है। राज्यपाल सचिवालय की ओर से…
 03 October 2026
रायपुर, छत्तीसगढ़ में बारिश का दौर अब लगभग थम गया है। प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में गर्मी और उमस का असर बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 2…
 03 October 2026
मुंगेली, छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले में 9वीं क्लास में पढ़ने वाली 14 साल की नाबालिग छात्रा के साथ गैंगरेप की वारदात हुई है। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि, दो लड़कों…
 03 October 2026
अम्बिकापुर। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर संत गहिरा गुरु विश्वविद्यालय, सरगुजा, अम्बिकापुर के राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) प्रकोष्ठ द्वारा “स्वच्छता ही सेवा” अभियान के अंतर्गत शुक्रवार को…
 03 October 2026
महासमुंद। जिले के विकासखंड बागबाहरा अंतर्गत ग्राम बोदरीदादर निवासी श्रीमती दीपिका चन्द्राकर ने ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान से सिलाई एवं ब्यूटी पार्लर का प्रशिक्षण प्राप्त कर स्वरोजगार की दिशा में…
 03 October 2026
मोहला। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत विकासखण्ड मोहला के क्लस्टर मोहभट्ठा में “सेवा सेतु अभियान–सरकार आपके द्वार” शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य ग्रामीणों को शासन की जनकल्याणकारी…
 03 October 2026
मोहला। शासन की जनकल्याणकारी नीतियों का उद्देश्य समाज के प्रत्येक पात्र परिवार तक आवश्यक सुविधाओं और योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। इसी उद्देश्य को धरातल पर साकार करने की दिशा…
Advt.