एम्स और लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग मिलकर प्रदेश में इमरजेंसी सेवाएं बनाएंगे मजबूत

Updated on 10-08-2024 01:28 PM
 भोपाल। एम्स में तीन दिवसीय इमरजेंसी मेडिसिन के 20वें अखिल भारतीय सम्मेलन का शुक्रवार को शुभारंभ हुआ। इसके उद्घाटन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि इमरजेंसी मेडिसिन के क्षेत्र में एक नए युग की शुरुआत हो रही है। सरकार की प्राथमिकता तत्काल और प्रभावी देखभाल सुनिश्चित करना है। वन स्टेट वन हेल्थ पॉलिसी की एसओपी तैयार कर ली गई है। जिसके तहत एम्स भोपाल के साथ मिलकर पूरे प्रदेश में एक समान उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।एम्स में प्रदेश के डॉक्टरों का प्रशिक्षण भी चल रहा है। ये सम्मेलन इमरजेंसी मेडिसिन के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करेगा। मध्यप्रदेश को आपातकालीन चिकित्सा के क्षेत्र में नम्बर वन बनाने के प्रयास किए जाएं।

इस कार्यक्रम में मध्यप्रदेश सरकार में राज्य मंत्री कृष्णा गौर, एम्स के अध्यक्ष डॉ. सुनील मलिक और निदेशक डा. अजय सिंह समेत अन्य लोग मौजूद रहे। एम्स और लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग मिलकर इमरजेंसी मेडिसिन के लिए पॉलिसी बनाने के लिए काम करेंगे।

इमरजेंसी में आए किसी भी मरीज को लौटाया न जाए

एम्स के कार्यपालक निदेशक डा. सिंह ने कहा कि एम्स भोपाल की नीति है कि इमरजेंसी में आए किसी भी मरीज को लौटाया न जाए। सीमित संसाधनों के बावजूद हमारा प्रयास होता है कि हम सर्वोत्तम उपचार दे सकें। विशेषकर इमरजेंसी की अवस्था में समय पर किया गया इलाज न केवल रोगी का जीवन बचा सकता है, बल्कि एक पूरे परिवार को बिखरने से बचा लेता है। इसके लिए एक विशेष ट्रॉमा सेंटर भी बनाया जा रहा है।
एम्स भोपाल ने वन स्टेट वन हेल्थ इमरजेंसी मेडिसिन पर एक दस्तावेज भी तैयार किया है, जिससे प्रदेश भर के अस्पतालों में चाहे वे छोटे हों या बड़े उसी मापदंड के अनुसार इलाज मिल सकेगा जैसा कि एम्स भोपाल में मिलता है। आज जिस प्रकार से प्राकृतिक आपदाएं हो रही हैं, ऐसे में हमें पहले से तैयारी करनी होगी। हम मध्य प्रदेश सरकार के साथ मिलकर आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। एम्स भोपाल की विशेषज्ञता और मध्य प्रदेश सरकार के संसाधनों के संयुक्त प्रयासों से राज्य में आपदा की स्थिति का बेहतर तरीके से मुकाबला किया जा सकता है।

प्रदेशभर के डॉक्टरों को दिया जा रहा प्रशिक्षण

एम्स भोपाल द्वारा मप्र के विभिन्न जिलों के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के 500 से अधिक डाक्टर एवं नर्सिंग अधिकारियों को आपातकालीन चिकित्सा संबंधित प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रो. सिंह ने उप मुख्यमंत्री को एम्स भोपाल द्वारा आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में उठाए गए सुधारात्मक कदमों के बारे में विस्तार से बताया।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 20 August 2026
भोपाल। प्रदेश में छह माह से तीन वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं और किशोरी बालिकाओं को दिए जाने वाले टेक होम राशन के लिए अब पहले कम…
 20 August 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर बदलाव करते हुए राज्य के चार आईएएस (IAS) अधिकारियों को नई पदस्थापना दी है। सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) की ओर से बुधवार…
 20 August 2026
भोपाल। बड़े तालाब में बुधवार शाम युवक का शव उतराता मिला तो उसे देखने के लिए लोगों की भीड़ जुट गई। तमाशबीनों ने सड़क किनारे अपने वाहन खड़े कर दिए…
 20 August 2026
भोपाल। शराबबंदी वाले राज्य गुजरात के भावनगर जिले में जहरीली शराब पीने से मुरैना के एक युवक समेत 9 लोगों की मौत हो गई है। घटना में 41 लोग बीमार…
 20 August 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने 10 साल के अंतराल के बाद प्रदेश की कृषि उपज मंडियों की नई ग्रेडिंग जारी कर दी है। वित्तीय वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 की…
 20 August 2026
भोपाल। बिलखिरिया थाना क्षेत्र में रहने वाली 14 वर्षीय स्कूली छात्रा के साथ उसके पड़ोस में रहने वाले 25 वर्षीय युवक ने दुष्कर्म किया। आरोपी ने वारदात के बाद नाबालिग…
 20 August 2026
भोपाल। छोला विश्रामघाट जाने वाला महज दो किलोमीटर का रास्ता बुधवार को दो घंटे के जाम में फंस गया। किसी परिचित की अंत्येष्टि में शामिल होने जा रहे भोपाल सांसद…
 20 August 2026
भोपाल । पिपलानी क्षेत्र में एक शादीशुदा महिला से इंस्टाग्राम पर दोस्ती और फिर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म का मामला सामने आया है। इतना ही नहीं मुस्लिम युवक ने…
 19 August 2026
भोपाल, प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए SAGA ग्रुप से जुड़े ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया है। ED के हेडक्वार्टर यूनिट नई दिल्ली ने मुंबई…
Advt.