कॉमनवेल्थ गेम्स में छत्तीसगढ़ की ज्ञानेश्वरी ने जीता सिल्वर

Updated on 28-07-2026 02:06 PM
राजनांदगांव, छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव की बेटी ज्ञानेश्वरी यादव ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की महिला 53 किलोग्राम वेटलिफ्टिंग स्पर्धा में सिल्वर मेडल जीत लिया है। उन्होंने कुल 199 किलोग्राम (88 किग्रा स्नैच + 111 किग्रा क्लीन एंड जर्क) वजन उठाकर भारत को कॉमनवेल्थ गेम्स का पांचवां पदक दिलाया। वहीं, वेटलिफ्टिंग में यह भारत का चौथा पदक है।

सिल्वर जीतने के बाद ज्ञानेश्वरी ने कहा कि यह उनका पहला कॉमनवेल्थ गेम्स था। उनका लक्ष्य अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए पदक जीतना था, जिसे उन्होंने हासिल कर लिया। उन्होंने कहा कि बाकी खिलाड़ी भी काफी मजबूत थीं, इसलिए स्वर्ण पदक नहीं जीत सकीं, लेकिन रजत पदक से वह बेहद खुश हैं।

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आयोजन स्कॉटलैंड के ग्लासगो शहर में 23 जुलाई से 2 अगस्त तक हो रहा है।

दरअसल, 23 साल की ज्ञानेश्वरी ने स्नैच में 88 किलोग्राम वजन उठाकर नया कॉमनवेल्थ गेम्स रिकॉर्ड बनाया। क्लीन एंड जर्क में उन्होंने 103, 107 और आखिरी प्रयास में 111 किलोग्राम वजन सफलतापूर्वक उठाया। कुल 199 किलोग्राम के साथ उन्होंने रजत पदक पक्का किया।

नाइजीरिया की ओनोमे ओमोलोला डिडीह ने 206 किलोग्राम (93+113) वजन उठाकर गोल्ड और नया कॉमनवेल्थ रिकॉर्ड अपने नाम किया।

प्रधानमंत्री बोले- ये सफलता युवाओं को प्रेरित करेगी

ज्ञानेश्वरी की उपलब्धि पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन, रक्षा मंत्री और केंद्रीय खेल मंत्री ने उन्हें बधाई दी। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि ज्ञानेश्वरी ने अपने व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ देश का नाम रोशन किया है और उनकी सफलता देश के युवाओं को प्रेरित करेगी।

भाई अस्पताल में, फिर भी निभाया पदक जीतने का वादा

यह सफलता ज्ञानेश्वरी के लिए इसलिए भी खास है, क्योंकि प्रतियोगिता के दौरान उनके भाई रितेश यादव दुर्घटना में घायल होकर अस्पताल में भर्ती हैं। माता-पिता उनकी देखभाल में जुटे हैं। पिता दीपक यादव ने बताया कि प्रतियोगिता से पहले ज्ञानेश्वरी ने भाई से फोन पर बात कर उसका हालचाल लिया था और पदक जीतने का वादा किया था। उन्होंने वह वादा पूरा कर दिखाया।

पिता की छोटी कमाई, बेटी के बड़े सपने

ज्ञानेश्वरी की खेल यात्रा किसी बड़े स्पोर्ट्स सेंटर से नहीं, बल्कि राजनांदगांव की जय भवानी व्यायामशाला से शुरू हुई। उनके पिता दीपक यादव बॉडी बिल्डिंग करते थे। सातवीं कक्षा में पढ़ाई के दौरान ज्ञानेश्वरी भी उनके साथ जिम जाने लगीं। उनकी रुचि देखकर पिता ने कोच अजय लोहार से वेटलिफ्टिंग का प्रशिक्षण दिलाया।

परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर थी। दीपक इलेक्ट्रिशियन का काम कर महीने में सिर्फ 3 से 5 हजार रुपए कमाते थे। इसी आय से घर का खर्च, दोनों बच्चों की पढ़ाई और ज्ञानेश्वरी की डाइट, जूते, किट और प्रतियोगिताओं का खर्च चलता था। कई बार परिवार ने अपनी जरूरतें टाल दीं, लेकिन बेटी के प्रशिक्षण में कभी कमी नहीं आने दी।

एक साइकिल पर तय होता था संघर्ष का सफर

परिवार ग्राम भोड़िया से रोज करीब 8 किलोमीटर साइकिल चलाकर राजनांदगांव पहुंचता था। बच्चे स्कूल जाते, फिर घंटों अभ्यास करते। रात करीब 11 बजे पूरा परिवार उसी साइकिल से गांव लौटता। मां दुर्गा यादव सीमित संसाधनों में पूरे परिवार की जिम्मेदारी संभालती रहीं, जबकि पिता कई-कई घंटे अतिरिक्त काम कर बेटी की तैयारी का खर्च जुटाते रहे।

एशियन चैंपियनशिप में भी दिखा चुकी हैं दम

कॉमनवेल्थ गेम्स से पहले ज्ञानेश्वरी ने 2026 एशियन वेटलिफ्टिंग चैंपियनशिप में भी शानदार प्रदर्शन किया था। उन्होंने स्नैच में रजत और कुल प्रदर्शन में कांस्य पदक जीतकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बनाई थी। अब कॉमनवेल्थ गेम्स का रजत पदक जीतकर उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश का गौरव बढ़ाया।

ज्ञानेश्वरी न केवल खेलों में देश का नाम रोशन कर रही हैं, बल्कि वे छत्तीसगढ़ पुलिस में सहायक उप निरीक्षक (ASI) के पद पर पदस्थ होकर अपनी सेवाएं भी दे रही हैं।

सीएम बोले- छत्तीसगढ़ की बेटी ने देश का गौरव बढ़ाया

​ज्ञानेश्वरी की इस उपलब्धि पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि ​'विश्व मंच पर छत्तीसगढ़ की बेटी ने देश का गौरव बढ़ाया है। राजनांदगांव निवासी ज्ञानेश्वरी, जो छत्तीसगढ़ पुलिस में एएसआई के रूप में कार्यरत हैं, की यह सफलता पूरे प्रदेश के लिए गर्व का विषय है।'

विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह ने भी फोन पर ज्ञानेश्वरी को बधाई दी, साथ भी उनके परिवार को इस जीत पर शुभकामनाएं व्यक्त की हैं।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 20 September 2026
बिलासपुर । किसी विद्यार्थी के लिए छात्रवृत्ति केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि आगे की पढ़ाई जारी रखने का महत्वपूर्ण माध्यम होती है। छात्रवृत्ति के लिए आवश्यक दस्तावेज समय पर उपलब्ध…
 20 September 2026
राजनांदगांव । सेवा संकल्प अभियान 2026 के अंतर्गत 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर 2026 तक आयोजित विभिन्न गतिविधियों की कड़ी में आज 19 सितम्बर को जिले के चारों विकासखंडों के…
 20 September 2026
दुर्ग । छत्तीसगढ़ राज्य न्यायिक अकादमी, बिलासपुर द्वारा उच्च न्यायालय छत्तीसगढ़ एवं माननीय ई-कमेटी, के निर्देशानुसार  के. विनोद कुजूर, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश दुर्ग के मार्गदर्शन में न्यायालयीन कर्मचारियों…
 20 September 2026
रायपुर । विवेकानंद नगर में सर्वमंगलमय वर्षावास 2026 अंतर्गत पंच परमेष्ठी श्रेणी तप के निमित्त आयोजित तीन दिवसीय रत्नत्रयी महोत्सव के अंतिम दिवस रविवार को धर्म, तप और भक्ति का…
 20 September 2026
रायपुर । उप मुख्यमंत्री तथा लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने शनिवार को सभी परिक्षेत्रों के मुख्य अभियंताओं, मंडलों के अधीक्षण अभियंताओं और संभागों के कार्यपालन अभियंताओं की बैठक लेकर…
 20 September 2026
रायपुर । छत्तीसगढ़ में ग्रामीण विकास को रोजगार, आजीविका और स्थायी परिसंपत्तियों के निर्माण से जोड़ने की दिशा में विकसित भारत-रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) (वीबी-जीरामजी) का प्रभावी क्रियान्वयन…
 19 September 2026
बिलासपुर, बिलासपुर के चांटीडीह स्थित माधव ट्रेडर्स में ब्रांडेड के नाम पर नकली चाय का कारोबार करने का मामला सामने आया है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम ने कंपनी…
 19 September 2026
रायपुर, छत्तीसगढ़ के सरकारी मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में जूनियर डॉक्टर एक बार फिर आंदोलन की तैयारी में हैं। स्टाइपेंड, वेतन-मानदेय में संशोधन समेत 17 सूत्रीय मांगों को लेकर जूनियर डॉक्टर्स…
 19 September 2026
सूरजपुर। सेवा संकल्प अभियान की पहल जिले के उन परिवारों की खुशियों से जुड़ रही है, जिनका पक्के घर का सपना प्रधानमंत्री आवास योजना से पूरा हुआ है। ग्राम पंचायत…
Advt.