भारत में चीनी कंपनी बनाएगी 'मेड इन इंडिया' स्मार्टफोन, एप्पल ने भी पकड़ी रफ्तार

Updated on 14-04-2023 08:23 PM
नई दिल्ली: भारत का स्मार्टफोन बाजार विदेशी कंपनियों को खूब लुभा रहा है। विदेशी कंपनियां भारत में अपने कारोबार को बढ़ा रही है। हाल ही में एप्पल इंक ने भारत में अपने दो स्टोर खोलने का ऐलान किया है। बढ़ते डिमांड को देखते हुए एप्पल ने मुंबई और दिल्ली में अपने स्टोर खोलने की तैयारी कर ली है। सिर्फ एप्पल ही नहीं अब चीनी स्मार्टफोन कंपनी वीवो (Vivo India) की इस मैदान में कूद गई है। वीवो (Vivo) ने इस साल के अंत तक 1,100 करोड़ रुपये का निवेश करने की घोषमा की है। वीवो ने ग्रेटर नोएडा में अपना मैन्युफैक्टरिंग प्लांट लगा रहा है। साल 2024 की शुरुआत तक इस प्लांट से प्रोडक्शन शुरू हो जाएगा।

Vivo ने बढ़ाया निवेश

चीन की स्मार्टफोन बनाने वाली कंपनी वीवो ने कहा कि वह भारत में अपनी प्रोडक्शन कैपिसिटी को बढ़ाने के लिए इस साल के अंत तक 1100 करोड़ रुपये का और निवेश करेगी। कंपनी ने कहा कि इसके तहत ग्रेटर नोएडा में तैयार हो रही यूनिट में 2024 की शुरुआत तक उत्पादन शुरू हो जाएगा। वीवो इंडिया ने कहा कि वह 2023 में 'मेड इन इंडिया' स्मार्टफोन की 10 लाख से ज्यादा इकाइयों का निर्यात करने की दिशा में सही चल रही है। उसने 2022 में अपने 'मेड इन इंडिया' स्मार्टफोन की पहली खेप थाईलैंड और सऊदी अरब भेजी थी।

भारतीय बाजार पर Vivo की नजर

वीवो ने अपनी 7,500 करोड़ रुपये की प्रस्तावित निवेश योजना के तौर पर साल 2023 के अंत तक पहले चरण में 3,500 करोड़ रुपये के निवेश लक्ष्य को पूरा कर लेगी। कंपनी ने कहा है कि वो भारत में पहले ही 2,400 करोड़ रुपये का निवेश कर चुकी है । कंपनी ने कहा कि वो प्रोडक्शन क्षमता को बढ़ाने और भारत को वैश्विक निर्यात केंद्र बनाने के लिए साल 2023 के अंत तक 1,100 करोड़ रुपये का अतिरिक्त निवेश करेगी। कंपनी को उम्मीद है कि वीवो की ग्रेटर नोएडा स्थित नई यूनिट में प्रोडक्शन का काम साल 2024 की शुरुआत तक शुरू हो जाएगा। इसमें अभी अनिवार्य प्रशासनिक मंजूरियां मिलनी बाकी हैं। ग्रेटर नोएडा स्थिति नई इकाई 169 एकड़ में फैली है और सभी चरण पूरे होने के बाद भविष्य में इसमें सालाना 12 करोड़ स्मार्टफोन बनाए जाने की क्षमता होगी। कंपनी की मौजूदा विनिर्माण इकाई भी ग्रेटर नोएडा में ही है। कंपनी ने इस बात पर जोर दिया है कि भारत में बिका कंपनी का हर स्मार्टफोन 'मेड इन इंडिया' है।

एप्पल का बढ़ा भरोसा

हालांकि वीवो अकेला नहीं है जो भारतीय बाजार में अपना विस्तार कर रहा है। एप्पल ने भी यहां एक्सपेंशन शुरू कर दिया है। पिछले वित्त वर्ष में भारत में एप्पल का प्रोडक्शन तीन गुना बढ़ा है। वित्त वर्ष 2023 में भारत ने 7 बिलियन डॉलर के आईफोन का प्रोडक्शन हुआ, जो एप्पल के ग्लोबल प्रोडक्शन का 7 फीसदी है। वहीं साल 2021 में यह सिर्फ 1 फीसदी था। फॉक्सकॉन और पेग्राट्रॉन जैसे सप्लायर भारत में मैन्युफैक्चरिंग यूनिट की मदद से एप्पल के प्रोडक्शन में मदद कर रहे हैं। वहीं अब एप्पल भारत में अपने स्टोर खोलने की तरफ तेजी से बढ़ रहा है। पहले दो स्टोर मुंबई और दिल्ली में खुल रहे हैं। आने वाले दिनों में देश के कई और देशों में आपको एप्पल स्टोर दिख जाएंगे।

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