PF खाते से अब नहीं निकाल सकेंगे कोरोना एडवांस, ईपीएफओ ने बंद कर दी सुविधा, जानिए क्यों?

Updated on 27-12-2023 01:31 PM
नई दिल्ली: ईपीएफओ के करोड़ों सब्सक्राइबर्स के लिए जरूरी खबर है। रिटायरमेंट फंड संस्था ने कोविड एडवांस फैसलिटी को बंद कर दिया है। कोरोना महामारी के समय कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अपने खाताधारकों अपने पीएफ अकाउंट में से एडवांस के रूप में पैसे निकालने की सुविधा दी थी। लेकिन अब इस सुविधा को खत्म कर दिया गया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन सात महीने पहले ही यह घोषणा कर दी थी कि कोविड-19 महामारी अब पब्लिक हेल्थ एमरजेंसी नहीं रह गई है। ईपीएफओ के एक अधिकारी ने कहा कि एक हफ्ते पहले अधिकारियों के साथ हुई एक मीटिंग में यह फैसला लिया गया था।

अधिकारी ने कहा, 'अभी इस बारे में नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया है। सॉफ्टवेयर में नॉन-रिफंडेबल कोविड एडवांस के प्रॉविजन को डिसएबल करने के प्रयास किए जा रहे हैं ताकि सब्सक्राइबर्स इसके लिए आवेदन न कर सकें।' जानकारों का कहना है कि ईपीएफओ के इस कदम में खपत के प्रभावित होने की आशंका है क्योंकि कोविड एडवांस को गैर-जरूरी खर्च के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। उनका कहना है कि ईपीएफओ ने यह फैसला काफी देर से लिया है और इससे ईपीएफओ के पास फंड की उपलब्धता प्रभावित हुई है।

देर से लिया फैसला

लेबर इकनॉमिस्ट केआर श्याम ने कहा कि ईपीएफओ की इस फैसिलिटी ने देश में खपत को बढ़ावा दिया लेकिन इसे लंबे समय तक जारी रखना सही नहीं था। इससे ईपीएफओ के लिए फंड की सप्लाई प्रभावित हुई है जिसे निवेश किया जा सकता था। यानी अप्रत्यक्ष रूप से ईपीएफओ के सब्सक्राइबर्स का रिटर्न प्रभावित हुआ है। ट्रेड यूनियन से जुड़े एक लीडर ने कहा कि यह सरकारी बाबुओं की तरफ से लापरवाही को दिखाता है। उन्होंने कहा, 'यह फैसला काफी देर से लिया गया जबकि सब जानते थे कि इसका इस्तेमाल इलाज के लिए नहीं हो रहा है। इससे सब्सक्राइबर्स की सेविंग कम हो गई है।'

कुल 2.2 करोड़ सब्सक्राइबर्स ने कोरोना एडवांस सुविधा का लाभ उठाया जो ईपीएफओ के कुल सदस्यों की संख्या का एक तिहाई से ज्यादा है। यह सुविधा 2020-21 में शुरू हुई थी और तीन साल तक रही। इस दौरान पीएफ सब्सक्राइबर्स ने कोरोना एडवांस के रूप में 48,075.75 करोड़ रुपये निकाले। ईपीएफओ की ड्राफ्ट एन्युअल रिपोर्ट 2022-23 में यह जानकारी दी गई है। रिपोर्ट के मुताबिक ईपीएफओ ने 2020-21 में 17,106.17 करोड़ रुपये वितरित किए जिससे 69.2 लाख सब्सक्राइबर्स को फायदा हुआ। साल 2021-22 में 91.6 लाख सब्सक्राइबर्स ने इस सुविधा का लाभ उठाया और 19,126.29 लाख करोड़ रुपये निकाले।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 20 September 2026
नई दिल्‍ली: भारत में जब कोई यात्रा के दौरान या बाहर पीने के पानी की बोतल मांगता है तो अक्‍सर मुंह से 'बिसलेरी' निकलता है। कभी सिर्फ अमीर विदेशी पर्यटकों…
 20 September 2026
नई दिल्ली: भारतीय रेलवे यात्रियों की सुरक्षा और ट्रेनों के संचालन को बेहतर बनाने के लिए कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है। रेलवे ने अलग-अलग जोन और…
 20 September 2026
नई दिल्ली: केंद्र सरकार विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए काफी सजग नजर आ रही है। इसके लिए प्राइवेट सेक्टर के पैसे की भागीदारी बढ़ाने के लिए…
 20 September 2026
नई दिल्ली: भारत अब सिर्फ बुलेट ट्रेन चलाने की तैयारी नहीं कर रहा, बल्कि हाई-स्पीड ट्रेन तकनीक में आत्मनिर्भर बनने की दिशा में भी आगे बढ़ रहा है। रेलवे मंत्रालय…
 20 September 2026
नई दिल्ली: मिडिल ईस्ट में अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष तथा होर्मुज जलडमरूमध्य में तेल की आपूर्ति ठप होने से वैश्विक स्तर पर ईंधन का महासंकट खड़ा हो…
 20 September 2026
नई दिल्ली: इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) भरते समय हुई एक गलती मुंबई के एक टैक्सपेयर को भारी पड़ गई। रिटर्न में गलती से 9.60 लाख रुपये की रकम EPF से…
 19 September 2026
नई दिल्‍ली: भारत में चाय सिर्फ एक पेय पदार्थ नहीं है। यह रोजमर्रा की जिंदगी, रिश्तों और संवाद की अटूट कड़ी है। साल 1903 में ब्रिटिश काल के दौरान भारत…
 19 September 2026
नई दिल्ली: टाटा संस में दूसरी सबसे बड़ी हिस्सेदार शापूरजी पल्लोनजी ग्रुप ने टाटा ग्रुप की होल्डिंग कंपनी की पब्लिक लिस्टिंग का समर्थन किया है। इस ग्रुप के पास टाटा…
 19 September 2026
मुंबई: अक्षय ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए गुजरात सरकार के गुजराज एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी या GEDA एक प्रोत्साहक पॉलिसी बनाई है। इसका नाम गुजरात इंटीग्रेटेड रिन्यूएबल एनर्जी पॉलिसी 2025…
Advt.