जो हमारे लोगों को मारता है, उससे मदद कैसे ले लें?', भूकंप से तबाह सीरिया ने ठुकराया इजरायल का 'ऑफर'

Updated on 08-02-2023 05:58 PM
तेल अवीव : सीरियाई सरकार समर्थक अखबार अल-वतन ने सोमवार को एक आधिकारिक स्रोत का हवाला देते हुए भूकंप राहत के लिए इजरायल से मदद मांगे जाने के दावों को खारिज कर दिया। पड़ोसी देश तुर्की में आए शक्तिशाली भूकंप में सीरिया के सैकड़ों लोगों की मौत हो गई और एक हजार से अधिक लोग घायल हो गए। इजरायल और सीरिया जैसे अरब देशों का विवाद काफी पुराना है। 1948 में अस्तित्व में आने के तुरंत बाद यहूदी देश को अपने पड़ोसी अरब देशों से युद्ध का सामना करना पड़ा था। 1967 में हुई छह दिनों की जंग तो पूरी दुनिया को याद है जिसमें इजरायल ने अकेले मिडिल ईस्ट का नक्शा बदल दिया था।
खबरों की मानें तो इजरायल ने पहले कहा था कि सीरिया ने उससे भूकंप राहत में सहायता के लिए मदद मांगी थी और वह इसके लिए तैयार है। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने भूकंप प्रभावित सीरिया को मदद भेजने की मंजूरी दे दी है। लेकिन सीरिया के एक अधिकारी ने मदद मांगे जाने की खबरों से ही इनकार कर दिया। नेतन्याहू ने अपनी लिकुड पार्टी के सांसदों से कहा, 'इजरायल को 'सीरिया के लिए मानवीय सहायता का अनुरोध एक राजनयिक स्रोत से प्राप्त हुआ है। मैंने इसे मंजूरी दे दी है।'

इजरायल और अरब देशों की पुरानी दुश्मनी

दूसरी ओर एक सीरियाई अधिकारी ने पत्रकारों से कहा कि दमिश्क ने 'उपहास उड़ाया और दावों का खंडन किया' कि उन्होंने इजरायल से मदद मांगी थी। अधिकारी ने कहा, 'सीरिया एक ऐसी संस्था से कैसे मदद मांग सकता है जिसने... दशकों से सीरियाई लोगों की हत्या की है?' सीरिया की सरकार इजरायल को मान्यता नहीं देती है। 1948 में इजरायल के निर्माण के बाद से दोनों के बीच कई लड़ाइयां हो चुकी हैं।

बढ़ सकती है मरने वालों की संख्या

तुर्की और सीरिया 7.8 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप के बाद अभी भी दहशत में हैं। भूकंप और उसके बाद के झटकों में बड़े पैमाने पर धराशायी हुईं इमारतों में अब तक 7200 लोग मर चुके हैं। मरने वालों की संख्या अभी और बढ़ सकती है। बचावकर्मी बड़ी तादात में इमारतों के मलबों के नीचे दबे लोगों को बाहर निकालने में लगे हैं। कई देशों ने अपनी राहत और बचाव टीमें सीरिया और तुर्की भेजी हैं। तुर्की के रेस्क्यु ऑपरेशन में करीब 24,400 से अधिक आपातकालीनकर्मी शामिल हैं।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 22 September 2026
नई दिल्ली/तेल अवीव: पाकिस्तान के खिलाफ 1965 की लड़ाई के दौरान भारत के खुफिया तंत्र पर गंभीर सवाल उठे थे। इसके बाद 21 सितंबर 1968 को रिसर्च एंड एनालिसिस विंग…
 22 September 2026
न्यूयॉर्क: अमेरिका से युद्ध के बीच ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची न्यूयॉर्क पहुंचे हैं। न्यूयॉर्क पहुंचते ही अराघची को विरोध का सामना करना पड़ा है। अराघची सोमवार दोपहर को…
 22 September 2026
पेरिस/नई दिल्ली: फ्रांसीसी राफेल लड़ाकू विमान शक्ति प्रदर्शन करने के लिए दुनिया के मिशन पर निकला है और ये करीब 40 हजार किलोमीटर का सफर तय कर बहुत जल्द भारत…
 22 September 2026
वॉशिंगटन: इटली के इतिहासकार Antonio Gramsci ने कहा था, ‘पुरानी दुनिया मर रही है और नई दुनिया जन्म लेने के लिए संघर्षरत है।’ मौजूदा समय कुछ ऐसा ही दिख रहा…
 22 September 2026
वॉशिंगटन: वाइट हाउस ने सोमवार को 'ट्रंप टीवी: द एसेंशियल्स स्टेशन' लॉन्च किया है। यह 24/7 चलने वाला डिजिटल वीडियो स्ट्रीम है जिसमें ट्रंप प्रशासन की घोषणाएं, राष्ट्रपति के बयान…
 22 September 2026
रियाद: पाकिस्तान के आर्मी चीफ फील्ड मार्शल असीम मुनीर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जो छवि पेश कर रहे हैं और देश के अंदर की जो गंभीर सच्चाई है उनमें जमीन-आसमान का…
 22 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के रूसी तेल खरीदने पर भारत जैसे देशों पर 100% टैरिफ लगाने की धमकी पर अमेरिका के पूर्व अधिकारी ने सवाल उठाए हैं। अमेरिकी विदेश…
 21 September 2026
बीजिंग/इस्लामाबाद/नई दिल्ली: भारत ने इस महीने चीन-पाकिस्तान की तरफ से 'पाकिस्तान-चीन सीमा संयुक्त आयोग' पैक्ट पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। पाकिस्तान ने इसे एक 'महत्वपूर्ण उपलब्धि' बताया है और उसका…
 21 September 2026
काठमांडू: भारत की आयात पर सख्ती के चलते नेपाल को नुकसान उठाना पड़ा है। दिल्ली के सेफगार्ड ड्यूटी (सुरक्षा शुल्क) लगाने से पिछले वित्त वर्ष में नेपाल के स्टील निर्यात…
Advt.