सोने का हार खरीद रहे तो देख लीजिए HUID, एक अप्रैल 2023 से हो रहा है अनिवार्य

Updated on 10-03-2023 09:00 PM
नई दिल्ली: सोने की ज्वैलरी में हॉलमार्किंग के प्रावधान को अब लोगों ने स्वीकार कर लिया है। हालांकि हॉलमार्किंग के नियमों में बदलाव होने से ग्राहक ही नहीं, ज्वैलर्स भी हैरान-परेशान हैं। अब केंद्र सरकार ने एक बार फिर से नियमों में बदलाव किया है। नया बदलाव यह है कि अगले एक अप्रैल से बिना 'हॉलमार्क यूनिक आइडेंटिफिकेशन डिज़िट' (HUID) वाले सोने के गहने और कलाकृतियों को नहीं बेचा जा सकेगा। साथ ही उस तारीख से सिर्फ छह डिजिट वाले हॉलमार्क साइन वाली ज्वैलरी ही बिक पाएगी। सरकार के इस आदेश से भी ज्वैलर्स में परेशानी है। आइए इसे समझते हैं।
दिल्ली बुलियन एंड ज्वैलर्स वेलफेयर एसोसिएशन के प्रसिडेंट विमल गोयल का कहना है कि HUID को गहने का आधार कार्ड कह सकते हैं। जैसे हर व्यक्ति का अलग आधार नंबर है, उसी तरह हर गहने का अलग HUID नंबर। इस नंबर को यदि आप बीआईएस के ऐप या वेबसाइट पर डालेंगे तो उस गहने की पूरी कुंडली खुल जाएगी। मतलब कि वह जेवर क्या है, उसका वजन कितना है, वह कितने कैरेट के सोने से बना है, कब बना है और किसने बनाया है। इससे ग्राहकों को बड़ी आसानी हो जाएगी और कारोबार में पारदर्शिता आ जाएगी।

चार और पांच डिजिट वाले स्टॉक अमान्य नहीं हो


सरकार ने दो साल पहले ही बता दिया था कि एक अप्रैल 2023 से सिर्फ छह डिजिट वाले हॉलमार्क साइन और HUID से लैस गहने ही बिकेंगे। लेकिन ज्वैलर्स ने इस अवधि को नाकाफी बताया है। जूलर्स का कहना है कि पुरानी व्यवस्था के अनुसार 4 व 5 डिज़िट के गहनों का स्टॉक अमान्य करना न्याय संगत नहीं है, इसे तुरंत प्रभाव से वापस लिया जाना चाहिए। चांदनी चौक में कूचा महाजनी स्थित दि बुलियन एंड जूलर्स एसोसिएशन के चेयरमैन योगेश सिंघल ने कहा कि पहले 5 डिज़िट, उसके बाद 4 डिजिट में होलमार्क होता था। 2 साल पहले इसे बदलकर 6 डिज़िट कर दिया गया और अब 4, 5 डिज़िट के गहनों की वैधता 31 मार्च 2023 कर दी गई है। इसके बाद यदि किसी जूलर के पास 4 या 5 डिजिट वाला आभूषण होगा, तो उसे 6 डिजिट में कन्वर्ट कराना होगा। इसके लिए एक पीस पर 53.10 रुपये फीस लगेगी, जिसमे हॉलमार्क सेंटर को 40.50 रुपये फीस, बीआईएस को 4.50 रुपये रॉयल्टी और सरकार को 8.10 रुपये जीएसटी की कमाई होगी। इसका असोसिएशन पुरजोर विरोध करती है।

नए नियम से धोखाधड़ी के मामलों पर लगेगी लगाम


योगेश सिंघल ने बताया कि HUID नंबर ज्वैलरी की शुद्धता की पहचान होती है। यह एक 6 नंबर का अल्फान्यूमेरिक कोड होता है, जिसके जरिए ग्राहकों को गोल्ड जूलरी के बारे में सारी जानकारी मिल जाती है। 4, 5 डिज़िट हॉलमार्क मे यह सुविधा नहीं थी। गारंटी फेल होने पर कोड के जरिए शुद्धता जांचने वाले सेंटर की पहचान की जा सकती है। उसकी जवाबदेही तय की जा सकती है, जिसके कारण धोखाधड़ी के मामलों को रोकने मे मदद मिलेगी। यह यूनिक नंबर हर जूलरी पर अलग-अलग लगाया जाता है, जिसे ग्राहक खुद भी बीआईएस के मोबाइल ऐप पर कोड डालकर सोने और जूलरी की शुद्धता देख सकते है। इससे कस्टमर और जूलर्स के बीच विश्वास पहले से भी ज्यादा बढ़ेगा। ग्राहकों की शिकायत पर पिछले दिनों बीआईएस द्वारा कई जूलर्स के यहां चेकिंग के दौरान 4 डिज़िट हॉलमार्क जूलरी पाई गई, जिसका बिल उनके पास नहीं था। शायद इसलिए सरकार ने 4, 5 डिज़िट की हॉलमार्क जूलरी की बिक्री पर 1 अप्रैल 2023 से प्रतिबंध लगाया है।

सोने की गारंटी बरकरार


कारोबारियों का कहना है कि ग्राहकों के पास रखी पुराने हॉलमार्क की जूलरी की गारंटी बरकरार रहेगी। सरकार ने पारदर्शिता बढ़ाने के लिए हॉलमार्क करने की व्यवस्था को ऑनलाइन करने की दिशा मे काम किया है।

देशभर में कुल 1,338 हॉलमार्किंग सेंटर


सोने की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने देश भर में हॉलमार्किंग सेंटर खुलवा दिए हैं। हालांकि ये सेंटर अभी 85 प्रतिशत हिस्से को कवर करते हैं। अभी जिन क्षेत्रों में सेंटर नहीं हैं, वहां भी खुलवाए जा रहे हैं। इस समय देशभर में कुल 1,338 हॉलमार्किंग सेंटर चल रहे हैं।


फर्म का लोगो भी हो, तो जूलर की ब्रांडिंग होगी


दरीबा ज्वैलर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट तरुण गुप्ता का कहना है कि इस प्रावधान का विशेष असर कामकाज पर तो नहीं पड़ेगा। हालांकि, ग्राहक का विश्वास जरूर बढ़ेगा। अब तो दो साल हो गए हैं। इसमें एक समस्या दिख रही है। अल्फान्यूमेरिक HUID को इंटरनेट पर देख सकते हैं कि पुर्जा किसका है? इसमें जूलरी पर फर्म का लोगो नहीं होता है। इससे दुकानदार की ब्रैंडिंग कैसे होगी? ग्राहक 5-7 साल बाद लौटेगा, तो कैसे पता चलेगा कि कहां का माल है? इसमें दुकान का लोगो भी डाल देंगे, तो जूलर की ब्रैंडिंग हो जाएगी। कस्टमर का भरोसा बढ़ेगा। पहले 5 डिजिट वाले मार्क में दुकानदार का लोगो होता था। अब ये विषय अटका हुआ है। दुकानदार स्वैच्छिक लोगो लगा सकते हैं, जिसे आवश्यक बनाना चाहिए। अभी सोने का भाव बढ़ा हुआ है। ऐसे दौर में जूलर्स पर एक के बाद एक पाबंदी लग रही है। यदि थोड़ा समय और मिल जाए, तो छोटे जूलर को मौका मिलेगा। सरकार को 6 महीने का समय और मिलना चाहिए।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 08 September 2026
नई दिल्ली: मध्य पूर्व में जारी तनाव, कच्चे तेल की बढ़ती कीमत, बिकवाली समेत अन्य वजहों से घरेलू शेयर बाजार में भारी गिरावट देखी जा रही है। आज मंगलवार को…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत में घरेलू कोयले से गैस और औद्योगिक ईंधन बनाने की योजना को लेकर कंपनियों की दिलचस्पी सामने आई है। केंद्र सरकार की कोयला गैसीकरण योजना के पहले…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत की पहली स्वदेशी बुलेट ट्रेन का ट्रायल कब होगा, इसकी जानकारी केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को दी। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत और बांग्लादेश के बीच बंद पड़ी यात्री ट्रेन सेवाओं को फिर से शुरू करने की दिशा में बातचीत शुरू हो गई है। दोनों देशों के रेलवे अधिकारियों…
 05 September 2026
नई दिल्ली: ईरान युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमत में काफी तेजी आई थी और यह 120 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया था। शुक्रवार को इंटरनेशनल बेंचमार्क…
 05 September 2026
नई दिल्ली: एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन और जी के फाउंडर सुभाष चंद्रा की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। सीबीआई ने चंद्रा और अन्य लोगों के खिलाफ…
 05 September 2026
नई दिल्ली: आपने कई बार देखा होगा कि जरूरत पड़ने पर जब किसी बीमा कंपनी से इंश्योरेंस क्लेम (बीमा दावा) किया जाता है तो वह कई बार रिजेक्ट भी हो…
 05 September 2026
नई दिल्‍ली: एग्रीकल्चर एनालिस्ट देविंदर शर्मा ने भारत की कृषि नीति पर नए सिरे से विचार करने की मांग की है। उनका तर्क है कि इथेनॉल, फर्टिलाइजर प्रोडक्शन और ट्रेड…
 31 August 2026
नई दिल्ली: देश में करोड़ों की संख्या में लोग क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं। अब फेस्टिव सीजन की शुरुआत भी हो रही है। इसको देखते हुए क्रेडिट कार्ड…
Advt.