पाकिस्तान में तेल और गैस की खोज क्यों महत्वपूर्ण
- पाकिस्तानी कंपनी ने कहा कि यह इस विशाल खनन क्षेत्र में पहली तेल और गैस की खोज हुई है। यहां से आगे और उत्पादन को बढ़ाया जा सकता है।
- पाकिस्तान में हर दिन 400,000 बैरल तेल की खपत होती है। राजस्थान सीमा पर मिले भंडार से उसकी कुल जरूरत का केवल 0.5% ही पूरा होगा।
- एक्सपर्ट का कहना है कि 2000 बैरल प्रतिदिन बहुत ज्यादा तेल उत्पादन नहीं है लेकिन इसका असल महत्व रणनीतिक है।
- इस खोज के बाद पाकिस्तान अब LNG और तेल के लिए होर्मुज स्ट्रेट या कतर में आने वाली दिक्कतों से खुद को थोड़ा राहत दे पाएगा।
- अगले 12 से 24 महीने में इस इलाके में और ज्यादा खुदाई होगी जिससे यह पता चलेगा कि यहां पर असल में कितना बड़ा भंडार है।
- एक्सपर्ट का यह भी कहना है कि इस खोज से दुनिया को एक बड़ा संकेत भी गया है। साथ ही पाकिस्तान के ऊर्जा सुरक्षा के लिए भी अच्छी खबर है।
पाकिस्तान में तेल का कितना होता है उत्पादन ?
पाकिस्तान अभी 80,000 से 90,000 बैरल तेल हर दिन उत्पादन करता है। यह देश के कुल खपत का केवल 20 फीसदी है। इसी वजह से पाकिस्तान खाड़ी देशों पर बुरी तरह से ऊर्जा सुरक्षा के लिए निर्भर है। होर्मुज स्ट्रेट के बंद होने की वजह से पाकिस्तान में हालात बहुत खराब हो गए हैं। तेल के जहां दाम काफी बढ़ गए हैं, वहीं सप्लाई भी जरूरत के मुताबिक नहीं हो पा रही है। पाकिस्तान बड़े पैमाने पर गैस भी निकालता है। ये गैस भंडार बलूचिस्तान में स्थित हैं जहां बलूच विद्रोही लगतार हमले करते रहते हैं।
