दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ने मानी हार, भारी विरोध के बाद मार्शल लॉ हटाया, विपक्ष ने महाभियोग चलाने की उठाई मांग

Updated on 04-12-2024 02:13 PM
सियोल: दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति यून सुक योल ने संसद के साथ गतिरोध के बाद मार्शल लॉ हटाने की घोषणा की है। उन्होंने कुछ घंटे पहले ही पूरी दुनिया को हैरान करते हुए देश में अचानक मार्शल लॉ की घोषणा की थी। यह दशकों में दक्षिण कोरिया का सबसे बड़ा राजनीतिक संकट रहा। क्योंकि नाराज सांसदों ने इस आदेश को सर्वसम्मति से संसद में खारिज कर दिया। न्यूज एजेंसी योनहाप ने कहा कि कैबिनेट ने मार्शल लॉ को खत्म करने के लिए बुधवार सुबह समहति जताई थी। नेशनल असेंबली के बाहर बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाए।
मार्शल लॉ घोषणा की घोषणा करते हुए राष्ट्रपति ने विपक्ष पर संसद पर हावी होने, उत्तर कोरिया के साथ सहानुभूति रखने और देश विरोधी गतिविधियों के साथ सरकार को अस्थिर करने का आरोप लगाया। इसके कुछ घंटों बाद, संसद ने घोषणा को ‘निष्प्रभावी’ करने के लिए मतदान किया, जिसमें नेशनल असेंबली के अध्यक्ष वू वोन शिक ने घोषणा की कि सांसद ‘लोगों के साथ मिलकर लोकतंत्र की रक्षा करेंगे।’

राष्ट्रपति को हटाने की तैयारी

इस कदम का पक्ष और विपक्ष दोनों के राजनेताओं ने विरोध जताया है, जिसमें यून की अपनी रूढ़िवादी पार्टी के नेता हान डोंग-हून भी शामिल हैं। हून ने इस निर्णय को ‘गलत’ बताया और ‘लोगों के साथ मिलकर इसे रोकने’ का संकल्प लिया। विपक्षी नेता ली जे-म्यांग ने यून की घोषणा को ‘अवैध और असंवैधानिक’ करार दिया।विपक्ष का कहना है कि अगर राष्ट्रपति ने पद नहीं छोड़ा तो वह महाभियोग की कार्यवाही शुरू कर देंगे। ली जे-म्यांग वर्ष 2022 के राष्ट्रपति चुनाव में यून से मामूली अंतर से हार गए थे। हाल में देश में यून की लोकप्रियता में कमी देखी गई है। राष्ट्रपति ने 2022 में पदभार ग्रहण करने के बाद से विपक्ष पर बढ़त बनाए रखने के लिए संघर्ष किया है।

अमेरिका ने ली राहत की सांस

दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति की ओर से मार्शल लॉ हटाने की घोषणा के बाद व्हाइट हाउस खुश है। राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के एक प्रवक्ता ने कहा कि हमें राहत है कि राष्ट्रपति ने मार्शल लॉ को हटाने का फैसला किया है और उन्होंने नेशनल असेंबली के वोट का सम्मान किया है। राष्ट्रपति बाइडन ने अभी तक स्थिति पर कोई ठोस टिप्पणी नहीं की है। अमेरिकी दूतावास ने अपने नागरिकों को सलाह दी है कि वह किसी भी प्रदर्शन में न जाएं।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 11 August 2026
माले/इस्लामाबाद: मालदीव अपनी कमजोर अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए दक्षिण एशियाई देशों के संगठन 'सार्क' को फिर से शुरू करने की कोशिशें कर रहा है लेकिन उसके सारे दांव नाकाम…
 11 August 2026
मॉस्को/कीव: रूसी वायुसेना ने 4-5 अगस्त की रात को यूक्रेन पर 24 बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया। यूक्रेनी वायु सेना ने इन मिसाइलों को 'इस्कंदर-M/S-400' कैटेगरी में रखा है। इसका…
 11 August 2026
लंदन: सूडान में चल रहे नरसंहार को लेकर दुबई के शासक को लंदन की सड़कों पर घेर लिया गया। मोहम्मद बिन राशिद अल-मकतूम जो दुबई के शासक होने के साथ…
 11 August 2026
वॉशिंगटन/अंकारा: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पिछले महीने NATO शिखर सम्मेलन के बाद बेहद सीक्रेट तरीके से एक मिलिट्री विमान के जरिए तुर्की से बाहर निकाला गया था। अमेरिकी सीक्रेट…
 11 August 2026
काठमांडू: नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने कहा है कि 1816 की वह मूल सुगौली संधि नहीं मिल रही है जिसने ब्रिटिश भारत के साथ उसकी सीमा तय की…
 11 August 2026
तेल अवीव: सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच हुए डिफेंस पैक्ट के बाद इजरायली डिफेंस सर्किल में भारत को 'इंश्योरेंस पॉलिसी' की तरह देखा जा रहा है। इजरायल में…
 10 August 2026
ढाका: भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान से सोमवार को मुलाकात की है। बांग्लादेश का उच्चायुक्त नियुक्त होने के बाद त्रिवेदी की बांग्लादेश के प्रधानमंत्री…
 10 August 2026
तेल अवीव: सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच हुए 'मक्का समझौते' के बाद इजरायल का मानना है कि इस समझौते के बाद उसके भारत से संबंध और मजबूत होंगे।…
 10 August 2026
ढाका: बांग्लादेश में हो रहे अहम घटनाक्रम के बीच भारत के चार सुरक्षा अधिकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल ढाका पहुंचा है। भारतीय प्रतिनिधिमंडल बांग्लादेशी सेना की खुफिया एजेंसी डॉयरेक्टरेट जनरल ऑफ…
Advt.