नोएडा में आशियाने का सपना जल्दी ही होगा पूरा, बस रहा है एक नया शहर

Updated on 06-07-2023 07:59 PM
नोएडा: दिल्ली एनसीआर (Delhi NCR) के शानदार शहर नोएडा को तो जानते ही होंगे। इस शहर में एक अदद आशियाने के लिए कितनी जद्दोजहद उठानी पड़ती है, इससे आप शायद वाकिफ ही होंगे। यदि आप अभी तक इस शहर में एक मकान या फ्लैट नहीं ले पाए हैं तो आप ऐसा कर सकेंगे। उत्तर प्रदेश सरकार पुराने नोएडा के पास ही 'न्यू नोएडा' शहर बसा रही है। बताया जाता है कि इस शहर में पुराने नोएडा से भी अच्छी सुविधा होगी।

8500 करोड़ रुपये से पहला चरण

उत्तर प्रदेश सरकार न्यू नोएडा को निवेश के एक बड़े ठिकाने के रूप में विकसित कर रही है। इस शहर को विकसित करने के लिए कई चरणों में काम होगा। पहले चरण में ही शुरूआती निवेश करीब 8500 करोड़ रुपये का होगा। इस रकम से करीब 3,000 हेक्टेयर जमीन खरीदी जाएगी और उसे विकसित किया जाएगा। इसके लिए प्राधिकरण जमीन खरीदने और उसे विकसित करने के लिए फंड शासन से मांगेगा। जानकारी के मुताबिक 3,000 हेक्टेयर जमीन खरीदने में 4,500 करोड़ रुपए खर्च करने की योजना है। इसके साथ ही 1,500 हेक्टेयर जमीन के विकास में 4,000 करोड़ रुपए लगेंगे। फंड मिलते ही जमीन के अधिग्रहण का काम शुरू होगा।


नोएडा की कमियां नहीं दिखेंगी

बताया जा रहा है कि इस समय नोएडा में जो जो कमियां हैं, उन्हें न्यू नोएडा में दूर किया जाएगा। नोएडा प्राधिकरण की सीईओ रितु माहेश्वरी ने कंपनी को वित्तीय मॉडल बनाने को कहा है। साफतौर पर यह निर्देश दिए गए हैं कि वित्तीय प्लान इस तरीके से बनाया जाए ताकि किसानों से अधिग्रहण करते समय उनको सही मुआवजा मिले और आने वाले समय में मुआवजा को लेकर किसी तरीके की कोई भी कमी देखने को ना मिले। इसके प्लान को तैयार करने की जिम्मेदारी स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर को दी गई है। पूरी टीम एक मास्टर प्लान तैयार कर रही है और वित्तीय प्लान पर पूरी तरीके से फोकस किया जा रहा है।

85 गांवों में विकसित होगा न्यू नोएडा

दरअसल, ग्रेटर नोएडा और बुलंदशहर के 85 गांव को विकसित कर न्यू नोएडा विकसित होगा। इसे 21,102 हेक्टेयर क्षेत्र में बसाया जाएगा। जहां पर आवासीय, औद्योगिक, संस्थागत, ट्रैफिक-ट्रांसपोर्ट, ग्रीन एरिया, री-क्रिएशन, ग्रीन फैसिलिटी एंड यूटिलिटी, वाटर बॉडी आदि होंगे। इसमें 41 प्रतिशत में औद्योगिक, 11.5 प्रतिशत में आवासीय, 17 प्रतिशत में ग्रीन बेल्ट या हरियाली वाला क्षेत्र, 15.5 प्रतिशत में सड़क, 9 प्रतिशत में संस्थागत और 4.5 प्रतिशत व्यवसायिक हिस्सा विकसित किया जाएगा।

किस-किस जिले तक फैला होगा न्यू नोएडा

न्यू नोएडा तो सुविधा के लिए कहा जा रहा है। दरअसल नए शहर को दादरी नोएडा गाजियाबाद विशेष निवेश क्षेत्र (DNGIR) कहा जाएगा। इसमें नोएडा में गौतमबुद्ध नगर के 20 गांव और बुलंदशहर के 60 गांव शामिल किए जाएंगे। जिसमें इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट पर सबसे ज्यादा फोकस होगा, इसीलिए 41 प्रतिशत लैंड को इंडस्ट्रियल यूज के लिए रखा गया है। सरकारी सूत्रों का कहना है कि न्यू नोएडा को पूरी प्लानिंग के साथ बसाया जाएगा। जिससे रोजगार के साधन भी बढ़ेंगे और नोएडा के आस-पास के जिलों का विकास भी होगा।

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