ईरान का परमाणु कार्यक्रम भी था निशाने पर? इजरायली हमले में दो खुफिया ईरानी मिलिट्री बेस तबाह, सैटेलाइट तस्वीरों से खुलासा

Updated on 28-10-2024 01:50 PM
तेहरान: इजरायल ने शनिवार को ईरान पर किए गए हवाई हमले में एक गुप्त सैन्य सुविधा को निशाना बनाया था, जो पूर्व में ईरान के परमाणु हथियार कार्यक्रम का हिस्सा थी। दो अमेरिकी एक्सपर्ट ने ताजा सैटेलाइट तस्वीरों के अध्ययन के हवाले से ये दावा किया है। इसके अलावा एक अन्य अड्डे पर हमला किया गया, जो उसके बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम से जुड़ा था। संयुक्त राष्ट्र के पूर्व हथियार निरीक्षक डेविड अलब्राइट और वॉशिंगटन थिंक टैंक सीएनए के रिसर्च एनालिस्ट डेकर एवेलेथ ने अलग-अलग तस्वीरों के अध्ययन के आधार पर ये दावे किए हैं।

पूर्व परमाणु सुविधा पर हमला


उन्होंने रॉयटर्स को बताया कि इजरायल ने तेहरान के पास परचिन में एक विशाल सैन्य परिसर में इमारतों को निशाना बनाया। एवलेथ के अनुसार, तेहरान के पास एक विशाल मिसाइल उत्पादन सुविधा खोजिर को भी निशाना बनाया गया। एक्स पर एक पोस्ट में अलब्राइट ने कहा कि वाणिज्यिक उपग्रह तस्वीरों से पता चलता है कि इजरायल ने परचिन में तालघेन-2 नामक एक इमारत पर हमला किया।

परचिन के परिसर का इस्तेमाल ईरान ने अतीत में उच्च विस्फोटक परीक्षण के लिए किया था, जो परमाणु हथियारों को सक्रिय कर सकते हैं। ईरान लंबे समय से कहता रहा है कि उसका परमाणु कार्यक्रम शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए हैं। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) और पश्चिमी खुफिया एजेंसियों का कहना है कि तेहरान ने 2003 तक सक्रिय परमाणु हथियार कार्यक्रम चलाया था।

मिसाइल बेस को निशाना


सैटेलाइट तस्वीरों में दूसरा बड़ा नुकसान पास ही स्थिति खोजिर सैन्य अड्डे पर देखा जा सकता है। इसके बारे में विश्लेषकों का मानना है कि इसमें भूमिगत सुरंग प्रणाली और मिसाइल उत्पादन स्थल छिपे हुए हैं। ईरान की सेना ने इजरायली हमले में खोजिर या परिचन में हुए नुकसान को स्वीकार नहीं किया है। हालांकि, उसने कहा है कि हमले में चार ईरानी सैनिक मारे गए हैं। रविवार को उसने एक नागरिक के भी मारे जाने की बात कही, लेकिन कोई जानकारी नहीं दी।

अलब्राइट ने रॉयटर्स को बताया कि परचिन की कमर्शियल सैटेलाइट तस्वीरों से पता चलता है कि इजरायल ने तालघेन 2 से लगभग 320 मीटर की दूरी पर तीन इमारतों को नुकसान पहुंचाया, जिसमें से दो में बैलिस्टिक मिसाइलों के लिए ठोस ईंधन मिलाया गया था। वहीं, एवेलेथ ने रॉयटर्स को बताया कि तस्वीरों के अध्ययन से 'हमले अत्यधिक सटीक मालूम पड़ते हैं।'

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 11 August 2026
माले/इस्लामाबाद: मालदीव अपनी कमजोर अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए दक्षिण एशियाई देशों के संगठन 'सार्क' को फिर से शुरू करने की कोशिशें कर रहा है लेकिन उसके सारे दांव नाकाम…
 11 August 2026
मॉस्को/कीव: रूसी वायुसेना ने 4-5 अगस्त की रात को यूक्रेन पर 24 बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया। यूक्रेनी वायु सेना ने इन मिसाइलों को 'इस्कंदर-M/S-400' कैटेगरी में रखा है। इसका…
 11 August 2026
लंदन: सूडान में चल रहे नरसंहार को लेकर दुबई के शासक को लंदन की सड़कों पर घेर लिया गया। मोहम्मद बिन राशिद अल-मकतूम जो दुबई के शासक होने के साथ…
 11 August 2026
वॉशिंगटन/अंकारा: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पिछले महीने NATO शिखर सम्मेलन के बाद बेहद सीक्रेट तरीके से एक मिलिट्री विमान के जरिए तुर्की से बाहर निकाला गया था। अमेरिकी सीक्रेट…
 11 August 2026
काठमांडू: नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल ने कहा है कि 1816 की वह मूल सुगौली संधि नहीं मिल रही है जिसने ब्रिटिश भारत के साथ उसकी सीमा तय की…
 11 August 2026
तेल अवीव: सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के बीच हुए डिफेंस पैक्ट के बाद इजरायली डिफेंस सर्किल में भारत को 'इंश्योरेंस पॉलिसी' की तरह देखा जा रहा है। इजरायल में…
 10 August 2026
ढाका: भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान से सोमवार को मुलाकात की है। बांग्लादेश का उच्चायुक्त नियुक्त होने के बाद त्रिवेदी की बांग्लादेश के प्रधानमंत्री…
 10 August 2026
तेल अवीव: सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच हुए 'मक्का समझौते' के बाद इजरायल का मानना है कि इस समझौते के बाद उसके भारत से संबंध और मजबूत होंगे।…
 10 August 2026
ढाका: बांग्लादेश में हो रहे अहम घटनाक्रम के बीच भारत के चार सुरक्षा अधिकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल ढाका पहुंचा है। भारतीय प्रतिनिधिमंडल बांग्लादेशी सेना की खुफिया एजेंसी डॉयरेक्टरेट जनरल ऑफ…
Advt.