हेल्थ-लाइफ इंश्योरेंस पर जीरो GST! मंत्रियों के समूह में सहमति, लेकिन कंपनियों को सता रही चिंता

Updated on 21-08-2025 01:19 PM
नई दिल्ली: हेल्थ और लाइफ इंश्योरेंस की इंडिविजुअल पॉलिसी से 18% GST हटाने की राह बनती दिख रही है। केंद्र सरकार के इस प्रस्ताव पर राज्यों के मंत्रियों के समूह में बुधवार को सहमति बन गई। इस बारे में अंतिम फैसला वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता वाली GST काउंसिल करेगी। केंद्र ने जो प्रस्ताव दिया है, उसमें ग्रुप इंश्योरेंस पॉलिसी को GST मुक्त करने की बात नहीं है।

मंत्रियों के समूह की बैठक में भी यह मुद्दा उठा कि GST घटने से होने वाला फायदा पॉलिसी धारकों को मिलना चाहिए, न कि बीमा कंपनियों को। वहीं इंश्योरेंस सेक्टर चिंता जता रहा है कि प्रीमियम से जीएसटी खत्म होने वाली व्यवस्था के साथ कुछ और कदम नहीं उठाए गए तो कंपनियां इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) क्लेम नहीं कर पाएंगी और उन्हें आर्थिक चपत लगेगी।

काउंसिल को रिपोर्ट

इंश्योरेंस पर GST रेट को लेकर पिछले साल सितंबर में राज्यों के मंत्रियों का समूह (GoM) बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बनाया गया था। बुधवार को GoM की मीटिंग के बाद चौधरी ने बताया, 'भारत सरकार का स्पष्ट प्रस्ताव है कि इंडिविजुअल या उनके परिवार के लोगों के लिए इंश्योरेंस को GST मुक्त किया जाए। हम सभी मेंबर्स ने सहमति दी है। कुछ लोगों का अपना व्यू है। रिपोर्ट काउंसिल को दी जाएगी।'

प्रीमियम घटेगा

GST खत्म किए जाने से इंश्योरेंस प्रीमियम घटेगा। हालांकि इसमें ITC का पेच है। कंपनियां बीमा प्रोडक्ट देने में जिन चीजों और सेवाओं का उपयोग करती है, उन पर उन्हें GST देना होता है। इस GST पेमेंट को वे इश्योरेंस प्रीमियम पर GST से कंपनसेट करती है। इसे ITC क्लेम करना कहते हैं। इससे उनकी फाइनल GST देनदारी घट जाती है। लेकिन प्रीमियम पर GST जीरो हो जाने पर वे ऐसा नहीं कर पाएंगी। इससे उनकी कॉस्ट बढ़ेगी। इसका असर आखिरकार पॉलिसीधारकों पर आएगा।
तेलंगाना के डिप्टी सीएम एम बी बिक्रमार्क ने कहा कि हमने साफ कर दिया कि GST घटने का फायदा पॉलिसीधारकों को मिलना चाहिए, न कि कंपनियों को। इसके लिए कोई व्यवस्था बनाई जानी चाहिए। कियान इंश्योरेंस के को-फाउंडर हेमिक शाह ने कहा, 'अभी डिस्ट्रिब्यूशन, टेक्नॉलजी और सर्विसिंग के खर्चों पर काफी ITC क्लेम किया जाता है। इंश्योरेंस पर GST रेट एग्जेम्प्ट किए जाने पर वेंडर्स को किए जाने वाले पेमेंट पर बीमा कंपनियां GST क्रेडिट नहीं ले पाएंगी। इससे इश्योरेंस से GST हटाने का फायदा पूरी तरह खत्म हो सकता है।

किफायती बीमा कवर के उपाय जरूरी

पिछले सालभर में ही इंश्योरेंस प्रीमियम में औसतन 15% से ज्यादा बढ़ोतरी हुई है। बीमा नियामक IRDAI को इस साल जनवरी में निर्देश देना पड़ा कि कंपनियां
60 साल और ऊपर के पॉलिसीधारकों का प्रीमियम 10% सालाना से ज्यादा न बढ़ाएं। अब हेल्थ और लाइफ इंश्योरेंस की इंडिविजुअल पॉलिसी से GST हटाने से लोगों को राहत मिलेगी। किफायती होने से बीमा कवरेज बढ़ेगा, जो अभी बहुत कम है। हालांकि ITC का पेच भी सुलझाना होगा, जिससे कंपनियां इसके हवाले से प्रीमियम न बढ़ाएं।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 08 September 2026
नई दिल्ली: मध्य पूर्व में जारी तनाव, कच्चे तेल की बढ़ती कीमत, बिकवाली समेत अन्य वजहों से घरेलू शेयर बाजार में भारी गिरावट देखी जा रही है। आज मंगलवार को…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत में घरेलू कोयले से गैस और औद्योगिक ईंधन बनाने की योजना को लेकर कंपनियों की दिलचस्पी सामने आई है। केंद्र सरकार की कोयला गैसीकरण योजना के पहले…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत की पहली स्वदेशी बुलेट ट्रेन का ट्रायल कब होगा, इसकी जानकारी केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को दी। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत और बांग्लादेश के बीच बंद पड़ी यात्री ट्रेन सेवाओं को फिर से शुरू करने की दिशा में बातचीत शुरू हो गई है। दोनों देशों के रेलवे अधिकारियों…
 05 September 2026
नई दिल्ली: ईरान युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमत में काफी तेजी आई थी और यह 120 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया था। शुक्रवार को इंटरनेशनल बेंचमार्क…
 05 September 2026
नई दिल्ली: एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन और जी के फाउंडर सुभाष चंद्रा की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। सीबीआई ने चंद्रा और अन्य लोगों के खिलाफ…
 05 September 2026
नई दिल्ली: आपने कई बार देखा होगा कि जरूरत पड़ने पर जब किसी बीमा कंपनी से इंश्योरेंस क्लेम (बीमा दावा) किया जाता है तो वह कई बार रिजेक्ट भी हो…
 05 September 2026
नई दिल्‍ली: एग्रीकल्चर एनालिस्ट देविंदर शर्मा ने भारत की कृषि नीति पर नए सिरे से विचार करने की मांग की है। उनका तर्क है कि इथेनॉल, फर्टिलाइजर प्रोडक्शन और ट्रेड…
 31 August 2026
नई दिल्ली: देश में करोड़ों की संख्या में लोग क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं। अब फेस्टिव सीजन की शुरुआत भी हो रही है। इसको देखते हुए क्रेडिट कार्ड…
Advt.