रूस से भारत के नए S-400 और S-500 सिस्‍टम खरीदने पर बड़ा संकट, अमेरिका लगा सकता है CAATSA पेनाल्‍टी, चेतावनी

Updated on 10-09-2025 05:29 PM
वॉशिंगटन/मास्‍को/नई दिल्‍ली: ऑपरेशन सिंदूर के दौरान रूस का एस-400 एयर डिफेंस सिस्‍टम भारत के लिए कवच बन गया था। एस-400 की इसी खासियत को देखते हुए भारत सरकार रूस से 5 से ज्‍यादा एस-400 एयर डिफेंस सिस्‍टम खरीदने पर विचार कर रही है। माना जा रहा है कि रूस के राष्‍ट्रपति व्‍लादिमीर पुतिन की इस साल के आखिर में होने वाली भारत यात्रा के दौरान एस-400 सौदे को मंजूरी म‍िल सकती है। इसके अलावा भारत रूस के अत्‍याधुनिक S-500 Prometey एयर डिफेंस सिस्‍टम को भी खरीदने पर विचार कर रहा है जो अंतरिक्ष तक हमला करने की ताकत रखता है। भारत को चीन और पाकिस्‍तान के मिसाइलों का खतरा मंडरा रहा है। भारत और रूस के बीच इस सौदे पर अब अमेरिका के CAATSA पेनाल्‍टी का खतरा मंडराने लगा है। वह भी तब जब रूस के साथ भारत के व्‍यापारिक रिश्‍तों को लेकर पहले से ही अमेरिका के साथ तनाव अपने चरम पर है।

द वायर की रिपोर्ट के मुताबिक सैन्‍य सूत्रों ने चेतावनी दी है कि अगर भारत रूस से एस-400 और एस-500 प्रोमेथस खरीदता है तो इससे अमेरिका के एडवर्सरी थ्रू सेंक्‍शंस एक्‍ट (CAATSA) के तहत अमेरिका पेनाल्‍टी लगा सकता है। अमेरिका ने रूस से तेल खरीदने पर भारत के खिलाफ 25 फीसदी का भारी भरकम सेकंडरी टैरिफ लगाया है जिससे उसका कुल टैरिफ 50 फीसदी हो गया है। पिछले सप्‍ताह ही रूस के फेडरल सर्विस फॉर मिलिट्री टेक्निकल कार्पोरेशन के प्रमुख दमित्रि शुगायेव ने इस बात की पुष्टि की थी कि नई दिल्‍ली और मास्‍को के बीच में और ज्‍यादा एस-400 खरीदने को लेकर बातचीत चल रही है।

एस 400 खरीदने पर भारत के खिलाफ पेनाल्‍टी का खतरा


शुगायेव ने रूसी समाचार एजेंसी तास से बातचीत में कहा कि भारत और रूस के बीच में इस क्षेत्र में सहयोग का विस्‍तार करने की संभावना है। इसका मतलब है कि नए एस-400 की डिल‍िवरी शामिल है। वहीं स्‍थानीय रक्षा उद्योग के सूत्रों का कहना है कि साल 2018 में भारत के रूस से 5.5 अरब डालर में 5 एस-400 खरीदने के लिए समझौता किया था। इसमें और ज्‍यादा खरीदने के लिए कोई प्रावधान नहीं था। अब अगर भूराजनीतिक तनाव के बीच कोई बातचीत रूस और भारत में हो रही तो इस पर अमेरिका के काट्सा प्रतिबंधों का खतरा रहेगा। भारत और अमेरिका के बीच पहले ही टैरिफ को लेकर तनाव भड़का हुआ है।
ट्रंप प्रशासन का कहना है कि भारत रूस से तेल खरीदकर पुतिन के युद्ध को पैसा दे रहा है, वहीं भारत सरकार ने इसको सिरे से खारिज कर दिया है। हालांकि अब ट्रंप और पीएम मोदी के ताजा बयानों से दोनों देशों के बीच तनाव के कम होने की उम्‍मीद है। इसके बाद भी अमेरिका में ट्रंप प्रशासन की ओर से भारत के खिलाफ बहुत जहरीली बयानबाजी की जा रही है। ऐसे में अब इस बात की पूरी आशंका है कि नए एस 400 या एस 500 खरीदने पर भारत के खिलाफ CAATSA पेनाल्‍टी का खतरा पैदा हो जाएगा। रक्षा उद्योग से जुड़े एक शीर्ष अधिकारी ने कहा कि ट्रंप अभी रूस तेल को लेकर टैरिफ लगाए हैं लेकिन यह कभी भी मास्‍को और दिल्‍ली के बीच होने वाले सैन्‍य व्‍यापार तक पहुंच सकता है।

अमेरिकी थॉड और पेट्रियट से ज्‍यादा ताकतवर है एस-400


इससे पहले साल 2018 में ट्रंप के पहले कार्यकाल में ही भारत और रूस के बीच एस-400 समझौता हुआ था। वहीं CAATSA कानून को अमेरिका में जुलाई 2017 में मंजूरी दी गई थी और उसी दौरान इसे कानून बना दिया गया था। रूसी एस-400 सिस्‍टम अमेरिका के पैट्रियट और थॉड एयर डिफेंस सिस्‍टम से ज्‍यादा ताकतवर माना जाता है। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्‍तान के मिसाइल हमले को एस-400 ने न केवल विफल कर दिया था बल्कि पाकिस्‍तान के एक विमान को काफी दूरी से मार गिराया था। अमेरिका में CAATSA को इस तरह से बनाया गया ताकि रूस, ईरान और उत्‍तर कोरिया के साथ रक्षा या खुफिया आदान प्रदान करने वाले देशों को दंडित किया जा सके। अमेरिका ने इस कानून को यूएस इलेक्‍शन 2016 में रूस के कथित हस्‍तक्षेप और यूक्रेन के क्रीमिया पर कब्‍जा करने की वजह से बनाया। इसका उद्देश्‍य भारत जैसे रूस के रक्षा भागीदारों को और ज्‍यादा हथियार मास्‍को से खरीदने से रोकना है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने H-1B नॉन-इमिग्रेंट वीजा प्रोग्राम की निगरानी को सख्त करने वाले एग्जीक्यूटिव ऑर्डर पर साइन किए हैं। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि कुछ एम्प्लॉयर्स,…
 19 September 2026
काबुल: अफगान तालिबान ने पाकिस्तान को चेतावनी दी है कि अगर उसने अफगानिस्तान के अंदर सैन्य कार्रवाई की तो उसे करारा जवाब मिलेगा। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका और डेनमार्क ने ग्रीनलैंड की सुरक्षा को लेकर समझौते का ऐलान किया है। इसके जरिए उस राजनयिक विवाद को सुलझा लेने का दावा किया गया है, जो राष्ट्रपति…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: टेक अरबपति ब्रायन जॉनसन लंबे समय से चर्चा में रहे हैं। इसकी वजह उनका एक मुश्किल दिनचर्या का पालन करते हुए बढ़ती उम्र को रोकना और मौत को टालने…
 19 September 2026
बीजिंग: इस साल फरवरी के आखिर में इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर हमले शुरू किए थे। इससे पश्चिम एशिया में एक भीषण जंग छिड़ी। इस लड़ाई के कुछ ही हफ्ते बाद…
 19 September 2026
इस्लामाबाद: आज यानी शनिवार 19 सितम्बर को सिंधु जल संधि 66 साल की हो गई है। 19 सितम्बर 1960 को इस संधि पर कराची में हस्ताक्षर हुए थे। भारत और…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका का F-16 फाइटर जेट क्रैश हुआ है। गुरुवार को मिशिगन के ग्रामीण इलाके में F-16 हादसे का शिकार हुआ है। हालांकि पायलट समय रहते सुरक्षित बाहर निकलने में…
 18 September 2026
ढाका: लंदन से बांग्लादेश जा रही बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की फ्लाइट में 2 यात्रियों के बीच जमकर मारपीट हो गई। दोनों यात्रियों के बीच सीट को लेकर विवाद हुआ था,…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी एयरफोर्स के 14 अफसर बांग्लादेश पहुंचे हैं। ये अफसर एक विशेष फ्लाइट से ढाका पहुंचे, जिसके बाद इनको वीजा उपलब्ध कराया गया। बांग्लादेशी गृह मंत्रालय की ओर से…
Advt.