अमेरिका और इजरायल के खिलाफ 'सिंगल फ्रंट' बनाने में जुटा ईरान, सीरिया-इराक संग खतरनाक प्लान
Updated on
08-11-2023 01:36 PM
तेहरान: ईरान अब इजरायल से एक सिंगल मोर्चे पर लड़ाई चाहता है। ईरान सरकार समर्थक तस्नीम न्यूज ने अपनी एक रिपोर्ट में कहा है कि इजरायल और अमेरिका के खिलाफ ईरान की कोशिश सभी मोर्चों को एकजुट करने की है। ईरान चाहता है कि अमेरिका और इजरायल का सिंगल फ्रंट पर मुकाबला किया जाए। ईरान फिलहाल इराक और सीरिया में मिलिशिया का इस्तेमाल कर रहा है। यमन में हूती विद्रोही और लेबनान में हिज्बुल्ला के साथ मिलकर अमेरिका और इजरायल के खिलाफ ताकत बढ़ा रहा है।
इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स से जुड़ी ईरानी मीडिया की रिपोर्ट में कहा गया है कि इराक और सीरिया में ईरानी समर्थित समूह अमेरिकी सेना पर अपने हमले बढ़ा रहे हैं। वे सिंगल फ्रंट की तलाश कर रहे हैं और अमेरिकी-इजरायली सेना को निशाना बना रहे हैं। इस मोर्चे में अब इराक और सीरिया में ईरानी समर्थक ग्रुप्स साथ यमन में हूती और लेबनान में हिजबुल्लाह भी शामिल हैं।
ईरान समर्थित संगठन ले रहे मोर्चा
एनबीसी ने बताया है कि 2006 के युद्ध के बाद पहली बार है जब लेबनान से लॉन्च किए गए रॉकेट इजरायली क्षेत्र में सबसे ज्यादा अंदर तक पहुंच गए। हिज्बुल्ला ने कहा है कि गाजा पर आक्रमण में शामिल अमेरिका और इजरायल पर हमले जारी रहेंगे। ये इजरायल को खुली धमकी है। इजरायल को जमीन पर घेरने के लिए सीरिया से लेबनान तक ईरान समर्थित ग्रुप एक हो रहे हैं।
तस्नीम न्यूज की रिपोर्ट कहती है कि इराक और सीरिया में अमेरिकी सेना पर 7 अक्टूबर से अब तक करीब 40 हमले हो चुके हैं। यह एक कबूलनामा है कि ईरान प्रॉक्सी समन्वय कर रहा है। ईरान अब खुलेआम उन ठिकानों का भी पता लगा रहा है जिन पर इराक और सीरिया में हमले हो रहे हैं। साथ ही वह एक मजबूक बेस बनाकर उससे लड़ाई जारी रखने के लिए देख रहा है। सबको साथ जोड़ने का भी ईरान का पैटर्न स्पष्ट है। ईरान अब इराक और सीरिया में सिंगल फ्रंट की ओर देख रहा है।