भोपाल से दिल्ली के लिए वंदेभारत से ज्यादा शताब्दी बेहतर:ऑक्यूपेंसी और पंक्चुअलिटी में भी आगे, रेलवे की रिपोर्ट में खुलासा

Updated on 15-04-2024 11:54 AM

भोपाल से दिल्ली जाने वाले रेल यात्रियों को इन दिनों वंदे भारत से ज्यादा शताब्दी एक्सप्रेस पसंद आ रही है। यह हम इसलिए कह रहे हैं कि शताब्दी की ऑक्यूपेंसी वंदेभारत से बेहतर है। पिछले दो महीने की बात की जाए, तो गाड़ी संख्या 12002 नई दिल्ली से रानी कमलापति शताब्दी एक्सप्रेस की ऑक्यूपेंसी 135 प्रतिशत है। वहीं 12001 रानी कमलापति से नई दिल्ली शताब्दी एक्सप्रेस की ऑक्यूपेंसी 117 प्रतिशत है। वहीं, वंदेभारत की ऑक्यूपेंसी की बात की जाए, तो इसकी क्रमश: 112 व 94 प्रतिशत है। बता दें कि रेलवे की यह रिपोर्ट पिछले दो महीने फरवरी और मार्च की है।

अधिक हॉल्ट और टाइमिंग है कारण
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि ऐसा नहीं है कि वंदे भारत की ऑक्यूपेंसी कम है, उसकी ऑक्यूपेंसी बहुत बेहतर है। मगर, शताब्दी की ऑक्यूपेंसी अधिक इसलिए है कि इसकी टाइमिंग और हॉल्ट अधिक हैं। जैसे, वंदे भारत आरकेएमपी से चलकर रास्ते में सिर्फ तीन स्टॉप पर ही हॉल्ट लेती है। वहीं, शताब्दी 9 स्टॉप हैं। इसके अलावा, वंदे भारत आरकेएमपी से जल्द सुबह निकलती है। वहीं, शताब्दी दोपहर में होने के कारण इसमें अधिक लोग सफर कर पाते हैं।

पंक्चुअलिटी में वंदे भारत आगे
दोनों ट्रेन में पंक्चुअलिटी की बात की जाए, तो इसमें वंदे भारत आगे है। पिछले 6 महीने की पंक्चुअलिटी में वंदे भारत गाड़ी संख्या 20171 आरकेएमी से हजरत निजामुद्दीन वंदे भारत 84.4 % है। इसी तरह 20172 हजरत निजामुद्दीन से आरकेएमपी वंदेभारत 71.6 %, वहीं गाड़ी संख्या 12002 नई दिल्ली से आरकेएमपी वंदे भारत एक्सप्रेस की पंक्चुअलिटी 36.4 % है। गाड़ी संख्या 12001 रानी कमलापति से नई दिल्ली शताब्दी 29.6 प्रतिशत रही है। बताया जा रहा है कि गाड़ी संख्या 12002 नई दिल्ली से आरकेएमपी जनवरी महीने में सिर्फ 4 प्रतिशत ही रह गई थी।

मध्य प्रदेश में चल रही सभी वंदे भारत की रिपोर्ट
निजामुद्दीन से चलकर भोपाल के रानी कमलापति रेलवे स्टेशन (आरकेएमपी) आने वाली वंदेभारत एक्सप्रेस पंक्चुअलिटी के पैरामीटर पर फेल है। रीवा से चलकर आरकेएमपी आने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस ऑक्यूपेंसी के पैरामीटर्स पर खरी नहीं उतरी।

यह खुलासा आरकेएमपी, निजामुद्दीन, इंदौर, रीवा और नागपुर के लिए चलने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस की स्टेटस पड़ताल में हुआ है। रेलवे निजामुद्दीन और रीवा से आरकेएमपी के लिए चलने वाली दोनों वंदे भारत एक्सप्रेस की पंक्चुअलिटी और ऑक्यूपेंसी में पिछड़ने की वजह बीते महीने तक दिल्ली और रीवा में पड़े कोहरे को मान रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक निजामुद्दीन-आरकेएमपी वंदे भारत की बात की जाए तो इसकी ऑक्यूपेंसी प्रदेश भर में चल रही सभी वंदे भारत में सबसे अधिक करीब 112 प्रतिशत रही। वहीं, पिछले 2 महीने में पंक्चुअलिटी के मामले में यह ट्रेन फेल रही। पढ़ें पूरी खबर



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 14 August 2026
 भोपाल, कांग्रेस अपने जमीनी संगठन को दुरुस्त कर राज्यों के साथ दिल्ली में वापसी की तैयारी में जुटी है। कांग्रेस का कमजोर बूथ मैनेजमेंट और निचले स्तर पर संगठन न होना…
 14 August 2026
भोपाल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के तहत भोपाल में 14 अगस्त को भारत की विशाल तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। हुजूर विधायक रामेश्वर शर्मा की संस्था ‘कर्मश्री’ के…
 14 August 2026
भोपाल । राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) की वीडियो कान्फ्रेंसिंग से चल रही सुनवाई के दौरान एक अधिवक्ता द्वारा अपनी पहचान छिपाने के लिए वीडियो स्क्रीन पर रोबोट की तस्वीर लगाने…
 14 August 2026
 भोपाल । प्रदेश में अगले साल नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायतराज संस्थाओं के चुनाव होने हैं। राज्य निर्वाचन आयोग सरपंच और पंच के चुनाव भी इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) से…
 14 August 2026
भोपाल। प्रदेश के सरकारी स्कूलों के राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय शिक्षक पुरस्कार प्राप्त करने वाले शिक्षकों को अब अतिरिक्त वेतनवृद्धि का लाभ नहीं मिलेगा। स्कूल शिक्षा विभाग ने इस संबंध…
 14 August 2026
भोपाल। शहर की लाइफ लाइन बड़ा तालाब के एफटीएल से 50 मीटर दायरे में पसरे अतिक्रमणों पर नगर निगम और जिला प्रशासन के अमले ने लगातार दूसरे दिन भी कार्रवाई…
 14 August 2026
भोपाल। केंद्रीय जेल भोपाल का एक बंदी गुरुवार सुबह हमीदिया अस्पताल से हथकड़ी निकालकर फरार हो गया। जेल प्रहरी ने उसे पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन अस्पताल की दीवार फांदते…
 14 August 2026
भोपाल। पेंच टाइगर रिजर्व के कोर क्षेत्र स्थित तोतलादोह जलाशय में कथित अवैध मछली शिकार और संगठित कारोबार की शिकायत को केंद्र सरकार ने गंभीरता से लिया है। प्रधानमंत्री कार्यालय…
 14 August 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश में बहुमंजिला इमारतों (हाईराइज बिल्डिंग्स) के निर्माण की राह अब बेहद आसान होने जा रही है। राज्य सरकार वर्ष 2012 के लगभग 14 साल पुराने भूमि विकास…
Advt.