विजय माल्या पर कसा शिकंजा, सिक्योरिटीज मार्केट में नहीं कर सकेंगे कारोबार, जानें- कितने साल के लिए लगी रोक

Updated on 27-07-2024 01:25 PM
नई दिल्ली: भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (SEBI) ने शुक्रवार को भगोड़े कारोबारी विजय माल्या पर सिक्योरिटीज मार्केट में कारोबार करने और किसी भी सूचीबद्ध कंपनी से तीन साल तक जुड़े रहने पर प्रतिबंध लगा दिया। यह फैसला यूबीएस एजी के विदेशी बैंक खातों के जरिए भारतीय प्रतिभूति बाजार में धन भेजने के मामले में लिया गया। अधिकारी माल्या को उनकी बंद हो चुकी कंपनी किंगफिशर एयरलाइंस से जुड़े धोखाधड़ी के आरोपों का सामना करने के लिए यूनाइटेड किंगडम से वापस लाने का प्रयास कर रहे हैं। वह मार्च 2016 से यूके में रह रहे हैं। सेबी के अनुसार माल्या पर किसी भी सूचीबद्ध कंपनी या प्रस्तावित सूचीबद्ध कंपनी से किसी भी तरह से प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से तीन साल तक जुड़ने पर बैन लगा गया दिया है।
जानें क्या है पूरा मामला
सेबी ने जनवरी 2006 से मार्च 2008 तक जांच की। इसमें पता चला कि माल्या ने अपने समूह की कंपनियों, हर्बर्टसन लिमिटेड और यूनाइटेड स्पिरिट्स लिमिटेड (यूएसएल) के शेयरों का गुप्त रूप से व्यापार करने के लिए विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) मैटरहॉर्न वेंचर्स का उपयोग किया था। इन लेन-देन के लिए रकम अलग-अलग विदेशी खातों के माध्यम से भेजी गई थी। इस जांच में पता चला कि माल्या ने मैटरहॉर्न वेंचर्स का उपयोग करके भारतीय प्रतिभूति बाजार में धन भेजा था।

माल्या पर पहचान छिपाने का आरोप
जो भी लेन-देन हुए, उन्हें अंजाम देने के लिए माल्या ने अलग-अलग विदेशी संस्थाओं को नियुक्त किया था। यह इसलिए किया ताकि माल्या अपनी पहचान छिपा सकें। सेबी की मुख्य महाप्रबंधक अनीता अनूप ने अपने 37 पेज के आदेश में कहा कि इस मामले में नोटिस प्राप्तकर्ता (माल्या) ने अपनी पहचान छिपाई है। साथ ही उन्होंने नियामक मानदंडों की अवहेलना की है। अनूप ने कहा कि माल्या के ऐसे कृत्य न केवल धोखाधड़ीपूर्ण और भ्रामक हैं, बल्कि प्रतिभूति बाजार की अखंडता के लिए भी खतरा हैं।
सेबी ने कहा- सत्य को गलत तरीके से किया प्रस्तुत
सेबी ने का कि माल्या ने सत्य को गलत तरीके से प्रस्तुत किया है और एक महत्वपूर्ण तथ्य को छिपाया है। वह जानते हैं कि मैटरहॉर्न के नाम पर दिखाई गई शेयरधारिता वास्तव में प्रमोटर श्रेणी की थी, क्योंकि इसे पूरी तरह से माल्या द्वारा वित्तपोषित किया गया था। इससे PFUTP (धोखाधड़ी और अनुचित व्यापार व्यवहार निषेध) विनियमों के प्रावधानों का उल्लंघन हुआ।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 17 September 2026
नई दिल्ली: भारत में ज्वेलरी को सिर्फ निवेश के बजाय रोजमर्रा की फैशन एक्सेसरी के तौर पर देखने का आइडिया लेकर इशेंद्र अग्रवाल ने 2019 में ज्वेलरी कारोबार में कदम…
 17 September 2026
नई दिल्ली: देश के विभिन्न बैंक और वित्तीय संस्था के पास कई प्रकार की लोन सुविधाएं होती हैं। इनमें पर्सनल लोन से लेकर के एजुकेशन लोन, होम लोन से लेकर…
 17 September 2026
नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी तनाव, कच्चे तेल की बढ़ती कीमत और अमेरिका के द्वारा 100 फीसदी टैरिफ लगाने की खबरों के बीच आज घरेलू शेयर बाजार गिरावट के…
 17 September 2026
नई दिल्ली: सऊदी अरब भारत के टॉप क्रूड सप्लायरों में शामिल है। लेकिन हूती विद्रोहियों ने आजकल उसकी नाक में दम कर रखा है। उन्होंने सऊदी अरब की अहम ईस्ट-वेस्ट…
 17 September 2026
नई दिल्ली: देश में कई प्रकार की निवेश की सुविधाएं उपलब्ध हैं, जहां लोग पैसा लगाकर अच्छी-खासी कमाई कर लेते हैं। इनमें से एक है म्यूचुअल फंड एसआईपी निवेश। मार्केट…
 17 September 2026
UTI AMC के वरिष्ठ उपाध्यक्ष इक्विटी विशाल चोपड़ा बताते हैं कि मिडकैप कंपनियों को उभरते हुए खिलाड़ियों की तरह समझ सकते हैं। स्मॉलकैप कंपनियों की तुलना में मिडकैप कंपनियां ज्यादा…
 17 September 2026
नई दिल्ली: सोने और चांदी की कीमत में आज भारी गिरावट आई है। इसकी वजह यह है कि अमेरिका के केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व ने तीन साल के लंबे अंतराल…
 16 September 2026
नई दिल्ली: दिग्गज उद्योगपति मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज मार्केट वैल्यू के हिसाब से देश की सबसे बड़ी कंपनी है। रिलायंस पांच साल के बॉन्ड इश्यू के जरिए ₹12,500…
 16 September 2026
नई दिल्ली: सरकार ने ₹2,000 से ज्यादा के UPI ट्रांजैक्शन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) लगाने की घोषणा की है। यह व्यवस्था 15 अक्तूबर से लागू होगी। इससे डिजिटल पेमेंट्स…
Advt.