तालिबान से अफगानिस्‍तान का बगराम एयरबेस छीनने की कोशिश में ट्रंप, चीन के दखल से परेशान अमेरिका, जानें बेताबी की वजह

Updated on 19-09-2025 01:40 PM
वॉशिंगटन: अफगानिस्तान का बगराम एयरबेस अमेरिका के लिए रणनीतिक तौर पर बेहद अहम रहा है। तालिबान के खिलाफ लड़ाई और काबुल पर अपने नियंत्रण के लिए अमेरिका ने बगराम एयरबेस को अपना सैन्य अड्डा बनाया। साल 2021 में तालिबान की अफगानिस्तान की सत्ता में वापसी हुई और अमेरिका ने काबुल छोड़ दिया। बगराम से भी अमेरिकी सैनिक चले गए लेकिन अब एक बार फिर अमेरिका की इस पर नजर है। इस बेस पर नियंत्रण के लिए ट्रंप प्रशासन काम कर रहा है।

सीएनएन ने मामले से परिचित लोगों के हवाले से की गई रिपोर्ट में बताया है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बीते कुछ समय से अपने राष्ट्रीय सुरक्षा अधिकारियों से अफगानिस्तान के बगराम एयरबेस पर बातचीत कर रहे हैं। वह अपने अफसरों पर इस बेस को तालिबान से वापस लेने का रास्ता ढूंढने के लिए दबाव डाल रहे हैं।


ट्रंप का बगराम पर बयान

डोनाल्ड ट्रंप ने पहली बार सार्वजनिक रूप से माना है कि उनका प्रशासन काबुल के पास स्थित इस बेस पर फिर से नियंत्रण पाने के लिए काम कर रहा है। ट्रंप ने गुरुवार को ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि हमने बगराम को फ्री में तालिबान को दे दिया था। अब हम इसे वापस पाने की कोशिश कर रहे हैं।
सूत्रों ने सीएनएन को बताया कि बेस को अमेरिकी नियंत्रण में वापस करने की बातचीत कम से कम इस साल मार्च से चल रही है। ट्रंप और उनके वरिष्ठ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिकारियों का मानना है कि इस बेस की कई वजहों से जरूरत है। इन जरूरतों में चीन पर नजर रखना अहम है। इसके अलावा अफगानिस्तान के खनिज तत्वों तक पहुंच, आईएसआईएस को निशाना बनाने के लिए केंद्र स्थापित करना और राजनयिक सुविधा फिर से खोलना शामिल है।

अमेरिका की काबुल में एंट्री

अमेरिका को अफगानिस्तान में अपने उद्देश्यों के लिए सैन्य उपस्थिति की आवश्यकता है। इसमें उसके लिए बगराम सबसे सुरक्षित और जरूरी ठिकाना होगा। हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि तालिबान इस प्रमुख हवाई अड्डे का नियंत्रण छोड़ने के लिए अमेरिका के साथ बातचीत कर रहा है या नहीं। ट्रंप के बगराम को वापस लेने के बयान पर तालिबान ने प्रतिक्रिया नहीं दी है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने H-1B नॉन-इमिग्रेंट वीजा प्रोग्राम की निगरानी को सख्त करने वाले एग्जीक्यूटिव ऑर्डर पर साइन किए हैं। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि कुछ एम्प्लॉयर्स,…
 19 September 2026
काबुल: अफगान तालिबान ने पाकिस्तान को चेतावनी दी है कि अगर उसने अफगानिस्तान के अंदर सैन्य कार्रवाई की तो उसे करारा जवाब मिलेगा। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका और डेनमार्क ने ग्रीनलैंड की सुरक्षा को लेकर समझौते का ऐलान किया है। इसके जरिए उस राजनयिक विवाद को सुलझा लेने का दावा किया गया है, जो राष्ट्रपति…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: टेक अरबपति ब्रायन जॉनसन लंबे समय से चर्चा में रहे हैं। इसकी वजह उनका एक मुश्किल दिनचर्या का पालन करते हुए बढ़ती उम्र को रोकना और मौत को टालने…
 19 September 2026
बीजिंग: इस साल फरवरी के आखिर में इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर हमले शुरू किए थे। इससे पश्चिम एशिया में एक भीषण जंग छिड़ी। इस लड़ाई के कुछ ही हफ्ते बाद…
 19 September 2026
इस्लामाबाद: आज यानी शनिवार 19 सितम्बर को सिंधु जल संधि 66 साल की हो गई है। 19 सितम्बर 1960 को इस संधि पर कराची में हस्ताक्षर हुए थे। भारत और…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका का F-16 फाइटर जेट क्रैश हुआ है। गुरुवार को मिशिगन के ग्रामीण इलाके में F-16 हादसे का शिकार हुआ है। हालांकि पायलट समय रहते सुरक्षित बाहर निकलने में…
 18 September 2026
ढाका: लंदन से बांग्लादेश जा रही बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की फ्लाइट में 2 यात्रियों के बीच जमकर मारपीट हो गई। दोनों यात्रियों के बीच सीट को लेकर विवाद हुआ था,…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी एयरफोर्स के 14 अफसर बांग्लादेश पहुंचे हैं। ये अफसर एक विशेष फ्लाइट से ढाका पहुंचे, जिसके बाद इनको वीजा उपलब्ध कराया गया। बांग्लादेशी गृह मंत्रालय की ओर से…
Advt.