क्रीमिया, NATO की सदस्‍यता पर ट्रंप की चेतावनी... अमेरिका आकर फंस गए जेलेंस्की? यूक्रेनी नेता के पास कौन से विकल्प

Updated on 18-08-2025 12:57 PM
वॉशिंगटन: यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की इस समय अमेरिका में है। सोमवार को उनकी वाइट हाउस में डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात होनी है। जेलेंस्की की कोशिश यूक्रेन को सुरक्षा गारंटी जैसी कुछ शर्तों पर ट्रंप को राजी करने की है। दूसरी ओर ट्रंप ने साफ कर दिया है कि जेलेंस्की क्रीमिया पर नियंत्रण या नाटो की सदस्यता जैसी मांगों को छोड़कर युद्ध समाप्त करने पर राजी होना होगा। ऐसे में जेलेंस्की के सामने फिलहाल बहुत ज्यादा अच्छे विकल्प नजर नहीं आ रहे हैं।
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, वोलोडिमिर जेलेंस्की खुद को एक मुश्किल स्थिति में पा रहे हैं। ट्रंप ने जेलेंस्की के सामने कोई खास गुंजाइश नहीं छोड़ी है। जेलेंस्की अपनी मांगों पर अड़ते हैं तो उनके सामने ट्रंप के गुस्से का शिकार होने का जोखिम है। अगर वह कड़ी शर्तों के बिना समझौता मान लेते हैं तो उन्हें अस्पष्ट सुरक्षा गारंटियों के बिना क्षेत्र छोड़ने की भारी कीमत चुकानी पड़ सकती है। इससे मॉस्को कुछ वर्षों में और मजबूती से वापसी कर सकता है।

ट्रंप के साथ हो चुका टकराव

इसी साल फरवरी में वाइट हाउस में ट्रंप और जेलेंस्की में तीखी बहस हुई थी। इसने जेलेंस्की के लिए स्थिति को और नाजुक बना दिया है। एक और विवाद से बचने और मध्यस्थता में ट्रंप की रुचि बनाए रखने के अलावा कई बातें जेलेंस्की जानना चाहते होंगे। इसमें पुतिन की मांगों के बारे में और जानना, त्रिपक्षीय बैठक का समय तय करना और रूस के खिलाफ कड़े प्रतिबंधों के लिए अमेरिका को प्रेरित करना शामिल है। देखा होगा कि जेलेंस्की अपने लक्ष्यों में कितना हासिल कर पाएंगे।
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ अपनी बैठक के बाद ट्रंप ने यूरोपीय नेताओं से कहा है कि अमेरिका किसी भी सुरक्षा गारंटी में योगदान दे सकता है और मॉस्को इसे स्वीकार करने के लिए तैयार हैं। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि पुतिन के साथ किस तरह की सुरक्षा गारंटी पर चर्चा हो रही है और वह इसमें क्या-क्या मांगे मानने को तैयार हैं।


जेलेंस्की का संकट

वोलोडिमीर जेलेंस्की ने त्रिपक्षीय वार्ता पर भी जोर दिया है। जेलेंस्की ने कहा, 'क्षेत्रीय मुद्दा इतना महत्वपूर्ण है। इसलिए इस पर यूक्रेन और रूस के नेताओं को ही चर्चा करनी चाहिए। दूसरी ओर रूस ने कोई संकेत नहीं दिया है कि त्रिपक्षीय वार्ता होगी। जेलेंस्की घर में भी राजनीतिक संकट का सामना कर रहे हैं। ट्रंप से वार्ता जेलेंस्की के लिए घरेलू स्तर पर भी महत्वपूर्ण होगी।

अमेरिका, यूक्रेन और दूसरे सहयोगियों के बीच मतभेदों के कारण भी जेलेंस्की की इस वार्ता में स्थिति जटिल हो गई है। ट्रंप का मानना है कि रूस पूरे यूक्रेन पर कब्जा कर सकता है। वहीं यूरोप इस बात से चिंतित हैं कि अनुकूल परिस्थितियां पुतिन को अपनी आक्रामकता बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करेंगी। जेलेंस्की सुरक्षा गारंटी मांग रहे हैं लेकिन यह कैसे काम करेगा। इसमें अमेरिका और यूरोप की भूमिका क्या होगी, इस पर स्थिति साफ नहीं है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने H-1B नॉन-इमिग्रेंट वीजा प्रोग्राम की निगरानी को सख्त करने वाले एग्जीक्यूटिव ऑर्डर पर साइन किए हैं। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि कुछ एम्प्लॉयर्स,…
 19 September 2026
काबुल: अफगान तालिबान ने पाकिस्तान को चेतावनी दी है कि अगर उसने अफगानिस्तान के अंदर सैन्य कार्रवाई की तो उसे करारा जवाब मिलेगा। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका और डेनमार्क ने ग्रीनलैंड की सुरक्षा को लेकर समझौते का ऐलान किया है। इसके जरिए उस राजनयिक विवाद को सुलझा लेने का दावा किया गया है, जो राष्ट्रपति…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: टेक अरबपति ब्रायन जॉनसन लंबे समय से चर्चा में रहे हैं। इसकी वजह उनका एक मुश्किल दिनचर्या का पालन करते हुए बढ़ती उम्र को रोकना और मौत को टालने…
 19 September 2026
बीजिंग: इस साल फरवरी के आखिर में इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर हमले शुरू किए थे। इससे पश्चिम एशिया में एक भीषण जंग छिड़ी। इस लड़ाई के कुछ ही हफ्ते बाद…
 19 September 2026
इस्लामाबाद: आज यानी शनिवार 19 सितम्बर को सिंधु जल संधि 66 साल की हो गई है। 19 सितम्बर 1960 को इस संधि पर कराची में हस्ताक्षर हुए थे। भारत और…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका का F-16 फाइटर जेट क्रैश हुआ है। गुरुवार को मिशिगन के ग्रामीण इलाके में F-16 हादसे का शिकार हुआ है। हालांकि पायलट समय रहते सुरक्षित बाहर निकलने में…
 18 September 2026
ढाका: लंदन से बांग्लादेश जा रही बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की फ्लाइट में 2 यात्रियों के बीच जमकर मारपीट हो गई। दोनों यात्रियों के बीच सीट को लेकर विवाद हुआ था,…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी एयरफोर्स के 14 अफसर बांग्लादेश पहुंचे हैं। ये अफसर एक विशेष फ्लाइट से ढाका पहुंचे, जिसके बाद इनको वीजा उपलब्ध कराया गया। बांग्लादेशी गृह मंत्रालय की ओर से…
Advt.