कब घटेगी सब्जियों की कीमत, आरबीआई गवर्नर ने दी बड़ी राहत
Updated on
24-08-2023 01:34 PM
नई दिल्ली: देश में सब्जियों की कीमत में हाल में काफी तेजी आई है। आरबीआई (RBI) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने खाने-पीने की चीजों की कीमत में बढ़ोतरी को महंगाई पर काबू पाने के रास्ते में जोखिम बताया है। उन्होंने साथ ही कहा कि ऐसे झटकों में कमी लाने के लिए आपूर्ति सुधारने के लिए समयबद्ध प्रयासों की जरूरत है। सब्जियों की कीमतों में बढ़ोतरी का झटका अल्पकालिक है और मॉनीटरी पॉलिसी मौजूदा झटकों के शुरुआती प्रभावों को कम करने के लिए इंतजार कर सकती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि सितंबर तक सब्जियों की कीमत में बड़ी गिरावट दर्ज की जा सकती है। टमाटर की कीमत में बढ़ोतरी के कारण जुलाई में खुदरा महंगाई दर 7.44 परसेंट पर पहुंच गई थी जो इसका 15 महीने का उच्चतम स्तर है।
दास ने बुधवार को एक कार्यक्रम में कहा कि खाद्य कीमतों में बार-बार हो रही बढ़ोतरी का झटका महंगाई को स्थिर करने के लिए जोखिम पैदा करता है। खाद्य कीमतों में बढ़ोतरी का दौर सितंबर, 2022 से ही चल रहा है। इसके साथ ही उन्होंने आपूर्ति पक्ष से जुड़े सतत एवं समयबद्ध हस्तक्षेप को भी इस तरह के झटकों की गंभीरता एवं अवधि कम करने के लिए जरूरी बताया। उन्होंने कहा कि आरबीआई महंगाई को चार प्रतिशत पर रखने के लक्ष्य को लेकर प्रतिबद्ध है और देश में ऊंची ब्याज दरें लंबे समय तक रहने वाली हैं। महंगाई में काबू पाने के लिए पिछले साल मई से रेपो रेट में 2.5 परसेंट का इजाफा किया गया है।
महंगाई से मिलेगी राहत
दास ने कहा कि जुलाई में महंगाई हमारे अनुमानों से कहीं ज्यादा रही है। सब्जियों की कीमत में 37.3 परसेंट तेजी आई है। इसमें सबसे ज्यादा 201.5 परसेंट तेजी टमाटर में रही। इस कारण जून में खाने-पीने की चीजों की महंगाई 4.7 परसेंट थी जो जुलाई में 10.6 परसेंट पहुंच गई। आरबीआई गवर्नर ने कहा कि सरकार ने सही समय पर हस्तक्षेप किया है। अगस्त में टमाटर की कीमत में गिरावट आई है। इससे आगे वाले दिनों में महंगाई से राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि आरबीआई की महंगाई पर कड़ी नजर है और आगे आने वाले वक्त में परिस्थितियों के अनुसार ही कदम उठाए जाएंगे।