
भोपाल। जिले में सिलिंडरों की किल्लत के बीच एजेंसी संचालकों ने घरेलू, छोटू व व्यावसायिक सिलिंडर की जमकर कालाबाजारी की है। जिसका खुलासा खाद्य विभाग टीम ने पिछले दिनों छापामार कार्रवाई के दौरान किया है।
ऐसा ही एक मामला सेवानिवृत्त सहायक आपूर्ति अधिकारी बीपी शर्मा की फिनिक्स एचपीसीएल गैस एजेंसी पर सामने आया था, जिसे जांच के बाद एचपीसीएल कंपनी ने सस्पेंड कर दिया है और खाद्य विभाग एजेंसी में रखे भंडार की जांच करने के बाद गोदाम को सील करने की तैयारी कर रहा है।
इधर एजेंसी पर लंबित चल रही बुकिंग को बीएस, सहारा और एक अन्य एजेंसी में शिफ्ट कर दिया गया है। उपभोक्ताओं को इन एजेंसियों से सिलिंडर आपूर्ति की जाएगी। इस मामले में एजेंसी को बुधवार को नोटिस का जवाब देना था, लेकिन संचालक ने नहीं दिया है।
बता दें कि 15 दिन पहले खाद्य विभाग की जांच में उपभोक्ताओं को गैस सिलिंडर के डिलीवर्ड मैसेज के बाद भी सिलिंडर नहीं देने पर हंगामा खड़ा हो गया था। जांच में यहां दो ट्रक सिलिंडरों के रिकॉर्ड में गड़बड़ी सामने आई थी। अपर कलेक्टर सुमित पांडे का कहना है कि गड़बड़ी को लेकर फिनिक्स एजेंसी को सस्पेंड किया गया है। अब अन्य एजेंसियों द्वारा उपभोक्ताओं को सिलिंडर आपूर्ति की जाएगी।
खाद्य विभाग ने फिनिक्स एजेंसी संचालक बीपी शर्मा, मैनेजर और एचपी कंपनी के सेल्स अधिकारी शैलेंद्र सोढा को नोटिस जारी किए थे। जिसके तहत बुधवार को इनके नोटिस का जवाब पेश किया जाना था, लेकिन संचालक ने जवाब पेश नहीं कर सके हैं। बता दें कि एजेंसी से 700 गैस सिलिंडरों का रिकार्ड नहीं मिला है, जिन्हें बिना ओटीपी को वितरित किया गया है। इस बारे में कोई भी जानकारी उपलब्ध नहीं करवाई गई है। सूत्रों ने बताया कि फिनिक्स एजेंसी के जो उपभोक्ता बीएस एजेंसी पर शिफ्ट किए गए है, वह भी बीपी शर्मा के रिश्तेदार की है।
जिला आपूर्ति नियंत्रक चंद्रभान सिंह जादौन ने बताया कि गांधीनगर बस स्टैंड स्थित देवश्री होटल की जांच में 21 नग व्यावसायिक, चार नग घरेलू गैस सिलिंडर रखे होना मिले थे, जिनके दस्तावेज होटल के संचालक विकास चौकसे द्वारा प्रस्तुत नहीं किए गए। मामले की जांच रिपोर्ट एडीएम सुमित पांडे को पेश की गई थी, जिनके आदेशानुसार पुलिस थाना गांधीनगर में संचालक विकास चौकसे पर प्रकरण दर्ज करवाया गया है।