पाकिस्तानी सेना ने जिन्ना को दिया था जहर, सबसे बड़े गद्दार जनरल... अल्ताफ हुसैन का सनसनीखेज दावा

Updated on 12-05-2023 07:07 PM
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद से पूरे देश में बवाल हो रहा है। इमरान की गिरफ्तारी के पीछे सीधे तौर पर पाकिस्तानी सेना और आईएसआई का हाथ बताया जा रहा है। इस बीच पाकिस्तान के एक नेता ने बड़ा दावा किया है। पाकिस्तान की पार्टी मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट (MQM) के चीफ अल्ताफ हुसैन ने कहा है कि भारत को तोड़ कर पाकिस्तान बनाने वाले मोहम्मद अली जिन्ना को जहर दिया गया था। वह सीधे तौर पर सेना पर बरसे और कहा कि पाकिस्तान की बर्बादी में सबसे बड़ा हाथ सेना का ही रहा है।

पाकिस्तान में मंगलवार को इमरान खान की गिरफ्तारी ने दुनिया को हैरान कर दिया। जब इमरान खान कोर्ट में एक मामले की पेशी के लिए पहुंचे थे और अपना बायोमीट्रिक वेरीफिकेशन करा रहे थे, तभी सैकड़ों की संख्या में रेंजर्स ने धावा बोल दिया। रेंजर्स इमरान खान को अपने साथ उठा कर ले गए। अल कादिर केस में उनकी गिरफ्तारी की गई, जिसके बाद पूरे पाकिस्तान में हिंसा देखी गई। पाकिस्तान की जनता अपनी ही सेना के खिलाफ मैदान में है। जनता सैनिकों को पीट रही है।

मिलिट्री का हमेशा से रहा कब्जा

इस बीच पाकिस्तान के नेता भी सेना की खुल कर आलोचना कर रहे हैं। अल्ताफ हुसैन ने एक जर्मन मीडिया को दिए इंटरव्यू में कहा, 'मिलिट्री ने पहले कायदे आजम मोहम्मद अली जिन्ना को रास्ते से हटाया। उन्हें स्लो पॉयजन दिया गया। इसके बाद उनके राइट हैंड लियाकत अली खान को भरे जलसे में शहीद किया गया। उसके बाद फातिमा जिन्ना को अयूब खान के जमाने में शहीद किया गया। 'मिलिट्री का हमेशा से 1947 के बाद पाकिस्तान पर कब्जा रहा।'

सबसे बड़ी गद्दार सेना

अल्ताफ हुसैन ने कहा, 'चाहे नवाज शरीफ की हुकूमत हो, आसिफ अली जरदारी की हुकूमत हो, बेनजीर भुट्टो की हुकूमत हो या किसी की भी हुकूमत हो, वह आईएसआई हेडक्वार्टर और पाकिस्तानी सेना के हेडक्वार्टर में जाकर सजदा करेंगे। उसके बगैर हुकूमत नहीं हो सकती।' उन्होंने आगे कहा, 'पाकिस्तान में गद्दार फौजी जनरल हैं। दूसरों को गद्दार कहने वाले फौजी जनरल हैं। 2 फीसदी पाकिस्तान आर्मी के एलीट 75 साल से राज कर रहे हैं, और वह खुद को अल्लाह से भी ऊपर समझते हैं और उन्होंने पाकिस्तान का ये हाल कर दिया है का आईएमएफ के रहमो करम पर पाकिस्तान चल रहा है।'

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 24 September 2026
न्यूयॉर्क: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) सुधारों का भारत समेत G4 के सभी सदस्यों ने समर्थन किया है। न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र के दौरान G4…
 24 September 2026
वॉशिंगटन: भारत 'मिडिल पावर्स' (मध्यम दर्जे की ताकतों) के एक नए मल्टीलेटरल (बहुपक्षीय) ग्रुप में शामिल हुआ है। यह ग्रुप पार्टनर्स फॉर मल्टीलेटरलिज्म (P4M) है। विदेश मंत्री सुब्रह्मण्यम जयशंकर ने…
 24 September 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने मक्का समझौते के जरिए सऊदी अरब और तुर्की के साथ रक्षा संबंध मजबूत किए हैं। साथ ही खाड़ी देशों की सुरक्षा में बड़ी भूमिका निभाने की उसकी…
 24 September 2026
न्यूयॉर्क: संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के मंच से भारत के दोस्त ने साइप्रस ने तुर्की को करारा जवाब दिया है। तुर्की के राष्ट्रपति ने निकोस क्रिस्टोलाइट्स ने महासभा को संबोधित…
 24 September 2026
तेहरान: ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची की न्यूयॉर्क में ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ के साथ सीधी बातचीत पर तेहरान में कट्टरपंथी भड़क गए हैं। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड…
 24 September 2026
इस्लामाबाद: पाकिस्तान की ओर से एक बार फिर दुनिया के सामने सिंधु जल संधि (IWT) का मामला उठाया गया है। पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने OIC (ऑर्गनाइजेशन ऑफ…
 23 September 2026
न्यूयॉर्क: संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र के इतर 'ऑर्गनाइजेशन ऑफ इस्लामिक कोऑपरेशन' (OIC) के जम्मू-कश्मीर कांटेक्ट ग्रुप की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। न्यूयॉर्क में हुई इस…
 23 September 2026
न्यूयॉर्क: तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैयप एर्दोगन ने मंगलवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) की बैठक को संबोधित करते हुए कश्मीर का राग अलापा। उन्होंने कश्मीर पर बातचीत करने और…
 23 September 2026
न्यूयॉर्क: संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के मंच से भूटान के प्रधानमंत्री शेरिंग टोबगे ने भारत के साथ अपनी अटूट दोस्ती को एक बार फिर दुनिया के सामने रखा है। पीएम…
Advt.