600 अरब का कारोबार खतरे में, सामान लेकर नहीं पहुंचा एक भी जहाज, महामारी के बाद पहली बार हुआ ऐसा

Updated on 12-05-2025 03:01 PM
नई दिल्ली: दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं अमेरिका और चीन के बीच बर्फ पिघलती हुए दिख रही है। हाल ही में दोनों देशों के अधिकारी स्विट्जरलैंड के जेनेवा में मिले।अमेरिका ने दावा किया कि दोनों देश डील के करीब पहुंच गए हैं। हालांकि इस बारे में डिटेल का अभी इंतजार है। सोमवार को इस बारे में एक संयुक्त बयान जारी किया जाएगा। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चीनी सामान पर 145% टैरिफ लगाया है। इसके जवाब में चीन ने भी अमेरिकी सामान पर 125% टैरिफ लगाने की घोषणा की है। इससे ग्लोबल इकॉनमी के मंदी में फंसने और महंगाई बढ़ने की आशंका बढ़ गई है। दोनों देशों के बीच ट्रेड करीब 600 अरब डॉलर का है।

चीन के लिए अमेरिका उसका सबसे बड़ा ट्रेडिंग पार्टनर है। इसी तरह अमेरिका के लिए चीन उसके टॉप ट्रेडिंग पार्टनर्स में से एक है। पिछले साल यानी 2024 में दोनों देशों के बीच कुल $582.4 अरब का कारोबार हुआ। अमेरिका ने चीन को $143.5 अरब का सामान एक्सपोर्ट किया जबकि चीन ने अमेरिका को $438.9 अरब का सामान भेजा। जाहिर है कि ट्रेड बैलेंस चीन के पक्ष में है। ट्रंप इस स्थिति को बदलना चाहते हैं। लेकिन पिछले कई दिनों से दोनों देशों के बीच तनातनी बढ़ी है और इसका असर उसके बीच ट्रेड पर भी देखने को मिल रहा है।

एक भी जहाज नहीं आया

सीएनएन की एक रिपोर्ट के मुताबिक शुक्रवार की सुबह वेस्ट कोस्ट पोर्ट के अधिकारियों ने एक चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि पिछले 12 घंटों में चीन से एक भी मालवाहक जहाज अमेरिका में वेस्ट कोस्ट के दो प्रमुख बंदरगाहों के लिए नहीं निकला। कोरोना महामारी के बाद पहली बार हुआ है। छह दिन पहले 41 जहाजों को चीन से सैन पेड्रो बे कॉम्प्लेक्स के लिए रवाना होना था। इस कॉम्प्लेक्स में लॉस एंजिल्स और लॉन्ग बीच के बंदरगाह शामिल हैं। लेकिन शुक्रवार को यह संख्या शून्य थी। ट्रंप के टैरिफ के बाद से अमेरिका के बंदरगाहों पर कम जहाज आ रहे हैं।

कई कंपनियों के लिए चीन के साथ व्यापार करना अब बहुत महंगा हो गया है। अधिकारी इस बात से चिंतित हैं कि चीन से आने वाले जहाजों की संख्या तेजी से गिर रही है। लॉन्ग बीच पोर्ट के CEO मारियो कॉर्डेरो ने कहा कि यह चिंता का कारण है। यह कोरोना काल से बदतर स्थिति है। चीन से आने वाले ज्यादा जहाज रद्द हो रहे हैं और उनकी संख्या में तेजी से गिरावट आ रही है। देश के सबसे व्यस्त बंदरगाहों पर कार्गो में भारी गिरावट आ रही है। लॉन्ग बीच पोर्ट में सामान्य कार्गो के वॉल्यूम में 35-40% की गिरावट देखी जा रही है। लॉस एंजिल्स पोर्ट में इस सप्ताह 31% की गिरावट आई है।

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